Kurukshetra News: कुरुक्षेत्र के अढ़ोनी गांव में बुजुर्ग पुजारी पर जानलेवा हमला, गले में गमछा डालकर सड़क पर घसीटा
कुरुक्षेत्र में बुजुर्ग पुजारी योगीराज पर मजार के सेवादार का हमला
Kurukshetra News: हरियाणा के कुरुक्षेत्र से एक बेहद संदेहास्पद और क्रूर वारदात सामने आई है, जिसने पूरे इलाके में तनाव और आक्रोश का माहौल पैदा कर दिया है। अढ़ोनी गांव में गुरुवार सुबह तड़के करीब 4 बजे, जब पूरा गांव सो रहा था, तब मजार के एक सेवादार ने अपने साथी के साथ मिलकर शिव मंदिर के 80 वर्षीय बुजुर्ग पुजारी योगीराज पर जानलेवा हमला बोल दिया। इस हमले की क्रूरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आरोपियों ने न सिर्फ लाठियों से बुजुर्ग पुजारी की टांग तोड़ दी, बल्कि उनके गले में गमछा (परना) डालकर उन्हें गांव की पथरीली सड़क पर बेरहमी से घसीटा।
आरती की तैयारी के वक्त पहुंचा हमलावर, पत्नी से मंगवाई लाठी
गांव के सरपंच परमजीत सिंह से मिली जानकारी के मुताबिक, बुजुर्ग पुजारी योगीराज सुबह मंदिर में आरती और पूजा-अर्चना की तैयारी में जुटे थे। इसी दौरान गांव में ही स्थित नकोदर पीर की दरगाह की देखरेख करने वाला पंकज अपनी गाड़ी से मंदिर परिसर पहुंचा। उसने आते ही बुजुर्ग पुजारी के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। विवाद इतना बढ़ा कि पंकज ने अपनी पत्नी को आवाज देकर घर से लाठी मंगवाई और निहत्थे बुजुर्ग पर ताबड़तोड़ वार करने शुरू कर दिए। इस हमले में पुजारी लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े और उनकी एक टांग टूट गई।
तड़पते रहे बुजुर्ग, सुबह खून के निशानों ने खोला खौफनाक राज
वारदात यहीं नहीं रुकी। पंकज के साथ उसका दोस्त इंद्र भी इस हैवानियत में शामिल था। दोनों ने मिलकर अधमरे हो चुके पुजारी के गले में कपड़ा बांधा और उन्हें घसीटते हुए गांव के एक चौराहे पर लाकर फेंक दिया। सड़क पर पुजारी को घसीटे जाने के गहरे निशान और खून बिखर गया। वारदात को अंजाम देकर आरोपी मौके से फरार हो गए और करीब 2 घंटे तक बुजुर्ग पुजारी चौराहे पर जिंदगी और मौत के बीच तड़पते रहे। सुबह करीब 6 बजे जब ग्रामीण मंदिर पहुंचे, तो वहां बिखरा खून देखकर उनके होश उड़ गए। ग्रामीणों ने खून के धब्बों का पीछा किया, तब जाकर चौराहे पर पड़े पुजारी तक पहुंचे और उन्हें तुरंत एलएनजेपी (LNJP) अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनकी हालत नाजुक बनी हुई है।
मजार में श्रद्धालुओं की कमी बनी विवाद की वजह
इस पूरी वारदात के पीछे का कारण बेहद हैरान करने वाला है। मंदिर के सेवादार मामराज और ग्रामीणों के अनुसार, गांव में मंदिर के ठीक पास ही नकोदर पीर की मजार है। पुजारी योगीराज कुछ समय पहले मंदिर छोड़कर चले गए थे, लेकिन करीब दो महीने पहले ही ग्रामीणों के विशेष आग्रह पर वे दोबारा अढ़ोनी गांव के मंदिर में लौटे थे। पुजारी के वापस आने के बाद मजार पर जाने वाले श्रद्धालुओं की संख्या लगातार कम होने लगी, जिससे मजार का सेवादार पंकज बुरी तरह चिढ़ा हुआ था। उसने पहले भी पुजारी को गांव छोड़ने और अंजाम भुगतने की धमकी दी थी।
पुलिस ने दर्ज किया हत्या के प्रयास का मुकदमा
घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस प्रशासन तुरंत हरकत में आया है। थाना सदर के एसएचओ (SHO) रणधीर सिंह ने बताया कि मुख्य आरोपी पंकज और उसके साथियों के खिलाफ हत्या के प्रयास (अटेम्प्ट टू मर्डर) सहित विभिन्न गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मौके के आसपास के सीसीटीवी फुटेज और सामने आए वीडियो की भी गहनता से जांच कर रही है। एसएचओ ने दावा किया है कि वारदात के पीछे साफ तौर पर पेशेवर और व्यक्तिगत रंजिश दिखाई दे रही है और फरार आरोपियों को दबोचने के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं।
