Ladwa News: भारत विकास परिषद ने अनूठे ढंग से मनाया स्थापना दिवस, गौ-ग्रास सेवा कर दिया राष्ट्र निर्माण का संदेश
लाडवा में भारत विकास परिषद ने स्थापना दिवस पर गौशाला में की सेवा
Ladwa News: सेवा और संस्कार की भावना को चरितार्थ करते हुए, भारत विकास परिषद (लाडवा शाखा) ने अपने स्थापना दिवस के मौके पर सेवा का एक अनुकरणीय उदाहरण पेश किया। परिषद के सदस्यों ने किसी भव्य आयोजन के बजाय ‘गौ-ग्रास सेवा’ को चुना और लाडवा स्थित श्री कृष्ण गौशाला पहुंचकर गौमाता को हरा चारा एवं गौ-ग्रास अर्पित कर अपनी संस्कृति के प्रति श्रद्धा व्यक्त की।
स्थापना दिवस का अर्थ ‘सेवा’
इस अवसर पर परिषद के सदस्यों में सेवा और समर्पण का भाव स्पष्ट देखा जा सकता था। शाखा अध्यक्ष राजीव आर्य ने कार्यक्रम की सार्थकता पर जोर देते हुए कहा कि भारत विकास परिषद समाज सेवा के विभिन्न आयामों के जरिए निरंतर जनकल्याण के लिए समर्पित है। उन्होंने कहा, “स्थापना दिवस केवल एक तारीख नहीं है, बल्कि यह हमारे संकल्पों को दोहराने का दिन है। गौसेवा का आयोजन कर हमने भारतीय संस्कृति के मूल मूल्यों के प्रति अपनी निष्ठा को पुष्ट किया है।”
‘स्वस्थ, समर्थ, सुसंस्कृत भारत’ का संकल्प
कार्यक्रम में विशेष रूप से शामिल हुए प्रांतीय संगठन सचिव अरविंद सिंघल ने परिषद के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि संस्था का गठन ही ‘स्वस्थ, समर्थ, सुसंस्कृत भारत’ के निर्माण के व्यापक विजन के साथ किया गया था। उन्होंने परिषद के ‘पंचसूत्र’—संपर्क, सहयोग, संस्कार, सेवा और समर्पण—की व्याख्या करते हुए कहा कि इन्हीं पांच स्तंभों पर परिषद की पूरी कार्यप्रणाली टिकी है। श्री सिंघल ने आगे कहा, “हमारा लक्ष्य समाज के हर उस वर्ग को राष्ट्र निर्माण की मुख्यधारा से जोड़ना है जो विकास की कतार में पीछे छूट गए हैं। सेवा कार्य ही हमारे स्थापना उद्देश्यों को धरातल पर साकार करते हैं।”
गौसेवा है हमारी विरासत
प्रकल्प प्रमुख गौरव बंसल ने गौसेवा को भारतीय संस्कृति की अमूल्य परंपरा बताते हुए युवाओं और समाज के हर वर्ग से इसमें सहभागी बनने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि समय-समय पर ऐसे आयोजन हमें अपनी जड़ों से जोड़े रखते हैं।
कार्यक्रम के दौरान परिषद के सदस्यों ने गौशाला में उपलब्ध सुविधाओं और व्यवस्थाओं की सराहना की। इस अवसर पर सदस्यों ने केवल सेवा कार्य ही नहीं किया, बल्कि भविष्य में भी समाजहित एवं राष्ट्रहित से जुड़े ऐसे रचनात्मक कार्यों को निरंतर जारी रखने का संकल्प लिया। गौशाला परिसर में मौजूद सभी कार्यकर्ताओं ने एक सुर में राष्ट्र निर्माण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
