Chandigarh School Skill Labs: बदलते दौर में शिक्षा का उद्देश्य केवल विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान देना नहीं, बल्कि उन्हें जीवन की चुनौतियों और रोजगार की जरूरतों के अनुरूप तैयार करना भी है। इसी सोच को आगे बढ़ाते हुए चंडीगढ़ के सेक्टर-10 स्थित गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल में विद्यार्थियों के लिए व्यावसायिक शिक्षा के नए अवसर तैयार किए गए हैं। पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने बुधवार को स्कूल में फ्रंट ऑफिस लैब और फूड प्रोडक्शन लैब का उद्घाटन किया। इन प्रयोगशालाओं के शुरू होने से विद्यार्थी अब स्कूली शिक्षा के दौरान ही फ्रंट ऑफिस संचालन, खानपान, पोषण और डायटेटिक्स जैसे क्षेत्रों का व्यावहारिक प्रशिक्षण हासिल कर सकेंगे। इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ रोजगार के लिए जरूरी कौशल से जोड़ना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में तैयार करना है।
उद्घाटन समारोह के दौरान प्रशासक ने स्कूल परिसर में विद्यार्थियों की प्रतिभा और रचनात्मकता की झलक भी देखी। उन्होंने अटल टिंकरिंग लैब का दौरा कर विद्यार्थियों की ओर से तैयार किए गए नवाचारों का अवलोकन किया। तकनीक के रचनात्मक इस्तेमाल से तैयार किए गए मॉडल और नए विचार देखकर उन्होंने विद्यार्थियों की सराहना की। इस दौरान स्कूली विद्यार्थियों ने फेंसिंग का प्रदर्शन भी किया। इसके अलावा स्टेट लेवल इंक्लूसिव थिएटर फेस्टिवल-2026 की विजेता टीम ने सांस्कृतिक प्रस्तुति देकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रशासक ने टीम के सदस्यों को सम्मानित कर उनका हौसला बढ़ाया।
नई शुरू की गई दोनों लैब विद्यार्थियों को व्यावसायिक शिक्षा का व्यावहारिक अनुभव देने में अहम भूमिका निभाएंगी। फ्रंट ऑफिस लैब में विद्यार्थियों को फ्रंट ऑफिस ऑपरेशंस से जुड़ी कार्यप्रणाली और जरूरी कौशल सिखाए जाएंगे, जबकि फूड प्रोडक्शन लैब में खानपान तैयार करने, खाद्य पोषण और डायटेटिक्स से संबंधित प्रशिक्षण मिलेगा। इससे विद्यार्थियों को इन क्षेत्रों की बुनियादी समझ विकसित करने के साथ भविष्य में रोजगार के अवसर तलाशने में भी मदद मिलेगी। ये सुविधाएं राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी)-2020 की उस सोच के अनुरूप विकसित की गई हैं, जिसमें स्कूली शिक्षा को कौशल आधारित और रोजगारोन्मुख बनाने पर जोर दिया गया है। इसका मकसद विद्यार्थियों को पढ़ाई पूरी करने के बाद ही नहीं, बल्कि स्कूल के स्तर से ही व्यावहारिक दुनिया के लिए तैयार करना है।
विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए गुलाब चंद कटारिया ने कहा कि शिक्षा और सीखने की प्रक्रिया को केवल कक्षाओं तक सीमित नहीं रखना चाहिए। रोजमर्रा की जिंदगी में भी ऐसे अनेक अवसर होते हैं, जिनसे बच्चे महत्वपूर्ण कौशल सीख सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को घर के कामों में हाथ बंटाने और परिवार की जिम्मेदारियों को साझा करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे घरेलू कामों में भागीदारी से बच्चों में आत्मविश्वास, अनुशासन, जिम्मेदारी और आत्मनिर्भरता की भावना विकसित होती है। इससे वे हर तरह के काम का सम्मान करना भी सीखते हैं। प्रशासक ने विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति आगाह करते हुए इससे दूर रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि युवाओं को अपनी ऊर्जा किताबों, कला, नवाचार और दूसरी सकारात्मक गतिविधियों में लगानी चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों को यह भी संदेश दिया कि यदि उनके आसपास कोई दोस्त किसी परेशानी से गुजर रहा है या उसे मदद की जरूरत है तो वे उसका साथ दें और सहयोग के लिए आगे आएं। इस अवसर पर शिक्षा सचिव प्रेरणा पुरी, स्कूल शिक्षा निदेशक नितिश सिंगला तथा शिक्षा विभाग के अन्य अधिकारी और शिक्षक उपस्थित रहे।
थिएटर फेस्टिवल के विजेता अब क्षेत्रीय स्तर पर दिखाएंगे दम
स्टेट लेवल इंक्लूसिव थिएटर फेस्टिवल-2026 में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाने वाले विद्यार्थियों को कार्यक्रम के दौरान प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने सम्मानित किया। 12 से 14 अक्तूबर तक सेक्टर-18 स्थित पीएम श्री गवर्नमेंट गर्ल्स मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल में आयोजित इस तीन दिवसीय महोत्सव में चंडीगढ़ के 20 क्लस्टर स्कूलों के करीब 300 विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। इसमें विशेष आवश्यकता वाले बच्चों (सीडब्ल्यूएसएन) ने भी पूरे उत्साह के साथ अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता में क्लस्टर-13 ने पहला स्थान हासिल किया, जबकि क्लस्टर-19 दूसरे और क्लस्टर-11 तीसरे स्थान पर रहा। विजेता टीम अब 18 नवंबर को चंडीगढ़ में होने वाले क्षेत्रीय स्तर के थिएटर फेस्टिवल में शहर का प्रतिनिधित्व करेगी। यहां अपनी प्रतिभा का बेहतर प्रदर्शन करने वाली टीम के पास तीन दिसंबर को दिल्ली में आयोजित होने वाले राष्ट्रीय स्तर के महोत्सव तक पहुंचने का अवसर होगा। कटारिया ने विजेता विद्यार्थियों की उपलब्धि की सराहना करते हुए उन्हें आगामी प्रतियोगिता के लिए पूरे आत्मविश्वास और समर्पण के साथ तैयारी करने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि प्रतिभा को निखारने के लिए निरंतर अभ्यास और मेहनत जरूरी है। विद्यार्थियों को अपनी क्षमताओं पर भरोसा रखते हुए हर मंच पर बेहतर प्रदर्शन करने का प्रयास करना चाहिए।
Click Here👉 चंडीगढ़ की खबरें पढ़नें के लिए लिंक पर क्लिक करें


