Dewas Laxmi Temple Notes: रोशनी और उल्लास के पर्व दीपावली पर देश के कोने-कोने में मंदिरों और बाजारों को सजाया जा रहा है, लेकिन मध्य प्रदेश के देवास से सामने आई एक तस्वीर ने सबका ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। यहां धनलक्ष्मी के पावन पर्व पर एक मंदिर को किसी खजाने की तरह सजाया गया है।
देवास स्थित श्री योगमाया महालक्ष्मी मंदिर को इस बार करीब 5 करोड़ रुपये से अधिक की नकदी यानी नोटों की गड्डियों से अलौकिक रूप दिया गया है। मंदिर का यह वीडियो सामने आने के बाद से ही सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है और यहां दर्शन के लिए भक्तों का तांता लगा हुआ है।
रतलाम की तर्ज पर सजाया गया दरबार, 500 से लेकर 50 के नोट शामिल
जानकारी के मुताबिक, देवास में दीपावली के अवसर पर यह अनूठी परंपरा लगातार दूसरे वर्ष निभाई जा रही है। रतलाम के प्रसिद्ध महालक्ष्मी मंदिर की तर्ज पर ही यहां माता का श्रृंगार किया गया है। मंदिर के गर्भगृह से लेकर दीवारों तक 500, 200, 100 और 50 रुपये के नोटों की गड्डियों की भव्य सजावट की गई है।
आयोजकों ने बताया कि इस भव्य आयोजन के लिए विभिन्न दानदाताओं से राशि एकत्र की जाती है, और उत्सव संपन्न होने के बाद पूरी राशि एक रुपये शगुन की बढ़ोतरी के साथ वापस लौटा दी जाती है। वहीं, धनतेरस की देर रात माता का विशेष स्वर्ण आभूषणों से भी श्रृंगार किया गया।
मंदसौर में भी दिखा महालक्ष्मी का भव्य रूप, 1 करोड़ की नकदी से सजा दरबार
सिर्फ देवास ही नहीं, बल्कि मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले में भी इस दीपावली पर मां महालक्ष्मी का बेहद अद्भुत और दिव्य स्वरूप देखने को मिला है।
धनतेरस के मौके पर मंदसौर में माता का करीब 1 करोड़ रुपये की नकदी और सोने-चांदी के आभूषणों से विशेष श्रृंगार किया गया। नोटों की गड्डियों और कीमती जेवरात के बीच विराजी मां महालक्ष्मी के दर्शन के लिए दूर-दूर से श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। मध्य प्रदेश के इन जिलों में दीपावली पर धन की देवी के दरबार को इस तरह सजाने की परंपरा साल-दर-साल श्रद्धालुओं के बीच गहरी आस्था और आकर्षण का केंद्र बनती जा रही है।


