Narnaul Samadhan Shivir: आम जनता को दफ्तरों के चक्कर काटने से मुक्ति दिलाने और उनकी समस्याओं का मौके पर ही निपटारा करने के मकसद से सोमवार को जिला मुख्यालय पर ‘समाधान शिविर’ का आयोजन किया गया। जिला प्रशासन की ओर से आयोजित इस शिविर में उपायुक्त (डीसी) अनुपमा अंजलि और पुलिस अधीक्षक (एसपी) दीपक ने संयुक्त रूप से नागरिकों की फरियाद सुनी।
समाधान शिविर में इस बार कुल 106 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें पानी, बिजली, अवैध कब्जे, नए कनेक्शन, नालों की सफाई और घरेलू विवाद जैसे गंभीर मुद्दे शामिल रहे।
अधिकारियों की हीलाहवाली पर डीसी की दोटूक: काम में लाएं पारदर्शिता
फरियादियों की समस्याएं सुनने के बाद उपायुक्त अनुपमा अंजलि ने शिविर में मौजूद विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्षों को कड़े लहजे में हिदायत दी। उन्होंने कहा कि आमजन की समस्याओं का त्वरित और पारदर्शी समाधान करना ही जिला प्रशासन की शीर्ष प्राथमिकता है। दफ्तरों में आने वाले हर जरूरतमंद नागरिक की बात को पूरी संवेदनशीलता के साथ सुनना और उसका तय समय में समाधान करना अधिकारियों की जवाबदेही है।
डीसी ने स्पष्ट किया कि शिकायतों को लटकाने या टालमटोल करने का रवैया अब बिल्कुल नहीं चलेगा। उन्होंने निर्देश दिए कि हर विभाग अपनी एक्शन टेकन रिपोर्ट (ATR) अनिवार्य रूप से भेजे ताकि उसे समाधान पोर्टल पर समय रहते अपलोड किया जा सके।
एसपी ने पुलिस से जुड़े मामलों का मौके पर किया निस्तारण
शिविर के दौरान पुलिस अधीक्षक दीपक ने कानून-व्यवस्था और पुलिस विभाग से संबंधित दर्जनों शिकायतों का जायजा लिया। उन्होंने पीड़ित पक्ष की बातें सुनकर मौके पर ही जांच अधिकारियों और थाना प्रभारियों को निष्पक्ष कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
डीसी अनुपमा अंजलि ने आम जनता से भी आह्वान किया कि वे बिना किसी संकोच के अपनी जायज और प्रशासनिक समस्याएं समाधान शिविर में लेकर आएं। प्रशासन हर नागरिक को समय पर राहत और न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।
इस मौके पर नगराधीश (सीटीएम) डॉ. मंगल सेन सहित स्वास्थ्य, जनस्वास्थ्य, बिजली निगम और नगर परिषद के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
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