Sirmaur Road Accident: हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले में रविवार देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में पिता और बेटे की मौत हो गई। उनकी 10 साल की बेटी हादसे के बाद रातभर लापता रही। सोमवार सुबह प्रशासन और ग्रामीणों ने उसे दूसरे गांव के एक खेत से सुरक्षित बरामद कर लिया। हादसा शिलाई-रोहनाट सड़क पर भटनोल के समीप हुआ। पुलिस के अनुसार, सोहन सिंह की कार अचानक अनियंत्रित होकर सड़क से करीब 100 मीटर नीचे गहरी खाई में जा गिरी। दुर्घटना में सोहन सिंह और उनके सात साल के बेटे की मौके पर ही मौत हो गई। बताया गया कि सोहन सिंह तहसील कार्यालय शिलाई में कार्यरत थे। रविवार रात वह अपनी निजी कार से बेटे और 10 साल की बेटी के साथ कामोटा से शिलाई जा रहे थे। इसी दौरान भटनोल के पास वाहन अनियंत्रित हो गया और खाई में गिर गया।
हादसा देर रात हुआ था। अंधेरा होने के कारण किसी ने कार को खाई में गिरते हुए नहीं देखा। रात करीब एक बजे पुलिस को दुर्घटना की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस टीम, परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। तलाशी के दौरान सोहन सिंह और उनके बेटे के शव बरामद कर लिए गए, लेकिन उनकी बेटी का कोई पता नहीं चला। रात के अंधेरे और दुर्गम पहाड़ी इलाके के कारण बच्ची को तलाशने में काफी परेशानी आई। परिजनों, ग्रामीणों और प्रशासन की टीम ने रातभर आसपास के क्षेत्र में बच्ची की तलाश की। इसके बावजूद उसका कोई सुराग नहीं मिला। परिवार के लिए पूरी रात चिंता और बेचैनी में बीती।
दूसरे गांव के खेत में सुरक्षित मिली बच्ची, ड्रोन से भी की तलाश
सोमवार सुबह एसडीएम जसपाल के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम और ग्रामीणों ने दोबारा तलाशी अभियान शुरू किया। इस दौरान बच्ची का पता लगाने के लिए ड्रोन की मदद भी ली गई। काफी मशक्कत के बाद बच्ची पास के दूसरे गांव में एक खेत में सुरक्षित मिली। बताया जा रहा है कि हादसे के बाद वह अंधेरे में घटनास्थल से अपने घर की ओर जाने के लिए निकली थी, लेकिन रास्ता भटककर दूसरे गांव पहुंच गई।
बच्ची के सुरक्षित मिलने की खबर से परिजनों और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। रातभर उसकी तलाश में जुटे लोगों के लिए यह बड़ी राहत थी। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंपे जाएंगे। दोनों का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव में किया जाएगा। हादसे में परिवार ने पिता और बेटे को खो दिया, जबकि बेटी के सुरक्षित मिलने से परिजनों को कुछ राहत मिली है।

