Panchkula School Case: पंचकूला के सेक्टर-20 स्थित शहीद मेजर अनुज राजपूत राजकीय मॉडल संस्कृति सीनियर सेकेंडरी स्कूल में केजी कक्षा की छह साल की बच्ची पर ईंट से हमला करने के मामले में कानूनी व चिकित्सीय कार्रवाई तेज हो गई है।
सोमवार को अंबाला ऑब्जर्वेशन होम में रखे गए 8 वर्षीय आरोपी छात्र को पुलिस कड़ी सुरक्षा के बीच चंडीगढ़ के सेक्टर-32 स्थित गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड अस्पताल (GMCH) लेकर पहुंची, जहां विशेषज्ञों की टीम ने उसका मेंटल असेसमेंट (मानसिक मूल्यांकन) टेस्ट किया। जांच के दौरान छात्र के माता-पिता भी मौजूद रहे। इस मूल्यांकन रिपोर्ट के आधार पर ही जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड (JJB) आगे की कानूनी प्रक्रिया तय करेगा।
“पबजी गेम का आदी था बेटा” — पिता ने जताई हैरानी, चिढ़ाने पर हमला करने की कही बात
पूछताछ और मीडिया से बातचीत के दौरान आरोपी छात्र के पिता ने बताया कि उनके बेटे का व्यवहार पहले कभी ऐसा हिंसक नहीं रहा था। उन्होंने खुलासा किया कि उनका बेटा मोबाइल पर अत्यधिक ‘पबजी’ (PUBG) गेम खेलता था, जिसके चलते कुछ दिन पहले ही उससे मोबाइल वापस ले लिया गया था।
पिता के मुताबिक, बच्चे ने उन्हें बताया कि पीड़िता उसे स्कूल में तंग करती थी और चिढ़ाती थी, जिससे गुस्से में आकर उसने यह खौफनाक कदम उठा लिया। हालांकि, विशेषज्ञ अब यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि क्या गेमिंग एडिक्शन और एकाकीपन ने बच्चे के भीतर इस तरह की हिंसक प्रवृत्ति को जन्म दिया।
बच्ची की हालत में सुधार, पीजीआई से जल्द मिल सकती है छुट्टी
दूसरी ओर, चंडीगढ़ पीजीआई (PGIMER) के प्राइवेट वार्ड में उपचाराधीन मासूम बच्ची की सेहत में तेजी से सुधार हो रहा है। बच्ची के परिजनों के अनुसार, उसके सिर और माथे पर टांके लगाए गए हैं, जबकि नाक की हड्डी में फ्रैक्चर है। कोई गंभीर अंदरूनी चोट (इंटरनल इंजरी) न होने से डॉक्टरों ने राहत की सांस ली है।
बच्ची ने अब खाना भी शुरू कर दिया है और संभावना जताई जा रही है कि मंगलवार तक उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी जाएगी। इसके बाद उसकी पेशेवर काउंसलिंग कराई जाएगी। शिक्षा विभाग ने निजी अस्पताल में जमा कराए गए 25 हजार रुपये परिवार को लौटा दिए हैं और इलाज का पूरा खर्च खुद वहन कर रहा है, जिसके लिए डॉक्टरों व अस्पताल बिलिंग से समन्वय बनाने के लिए चार शिक्षकों की शिफ्ट में ड्यूटी लगाई गई है।
दो जांच टीमों ने स्कूल में शुरू की पड़ताल, चौकीदार की भूमिका की भी जांच
मामले की जांच के सिलसिले में सोमवार को दो अलग-अलग उच्चस्तरीय टीमें स्कूल परिसर पहुंचीं। पहली टीम ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (BEO) कर्मजीत के नेतृत्व में पहुंची, जबकि दूसरी टीम शिक्षा निदेशालय के संयुक्त निदेशक अनिल दलाल की अगुवाई में जांच के लिए आई।
दोनों टीमों ने करीब एक घंटे तक स्कूल के मुख्य कमरों, उस स्थान जहां वारदात हुई और क्लासरूम बंद करने वाले चौकीदार समेत अन्य कर्मचारियों के बयान कलमबद्ध किए। इसके अलावा, एडीसी विवेक आर्य की अध्यक्षता में गठित प्रशासनिक कमेटी भी अपनी विस्तृत रिपोर्ट एक सप्ताह के भीतर सरकार को सौंपेगी। वहीं स्कूल में सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए 30 नए सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं।
यह भी पढ़ें–Sirsa Roadways Strike: सिरसा में रोडवेज बसों का चक्का जाम, 100 से ज्यादा बसें ठप

