Yamunanagar News यमुनानगर। बदमाशों के हौसले इतने बुलंद हो चुके हैं कि अब उन्हें खाकी का खौफ तो दूर, अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड जैसी संवेदनशील जगहों का भी लिहाज नहीं रहा। यमुनानगर के सरकारी अस्पताल से कानून-व्यवस्था को ठेंगा दिखाने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहां जैधर गांव में मारपीट का शिकार हुए अपने घायल बहन और जीजा का हालचाल पूछने पहुंचे दो सगे भाइयों पर आरोपियों ने करीब दो दर्जन से ज्यादा लड़कों के साथ मिलकर जानलेवा हमला कर दिया।
अस्पताल परिसर के भीतर देर रात अचानक हुई इस मारपीट और चीख-पुकार से मरीजों और उनके तीमारदारों में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। गनीमत यह रही कि वार्ड में ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मियों और अन्य लोगों ने तुरंत मुस्तैदी दिखाते हुए बीच-बचाव किया और दोनों भाइयों को हमलावरों के चंगुल से छुड़वाया।
पहले घर में घुसकर लहूलुहान किया, फिर इलाज के दौरान पहुंचे अस्पताल
ताजेवाला हेड निवासी शिकायतकर्ता नदीम के मुताबिक, शनिवार रात करीब 11:30 बजे उसकी बहन आशीफा का रोते हुए फोन आया था। बहन ने बताया कि मामूली कहासुनी के बाद गांव के ही परवेज, सद्दाम, समीर और आबिद ने उनके घर में जबरन घुसकर तांडव मचाया है। आरोपियों ने उसकी और उसके पति की लाठी-डंडों से बेदर्दी से पिटाई कर दी है।
सूचना मिलते ही नदीम अपने भाई मनसूर अली को साथ लेकर तुरंत बहन के ससुराल जैधर पहुंचा, लेकिन तब तक पड़ोसियों की मदद से दोनों घायलों को इलाज के लिए यमुनानगर के ट्रॉमा सेंटर ले जाया जा चुका था। बहन-जीजा की जान की फिक्र में दोनों भाई सीधे सरकारी अस्पताल की इमरजेंसी पहुंचे।
20-25 गुंडों के साथ इमरजेंसी में धावा, मोबाइल छीनकर फरार
नदीम ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि रात करीब 12:30 बजे जब वे अस्पताल पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि जीजा के सिर पर गहरे घाव थे और बहन के होंठ व हाथों पर गंभीर चोटें आई थीं। वे डॉक्टर से बात कर ही रहे थे कि तभी वहां पहले से घात लगाए बैठे परवेज, सद्दाम, समीर और आबिद ने 20 से 25 अज्ञात युवकों के साथ मिलकर उन पर हमला बोल दिया।
हमलावर सीधे इमरजेंसी वार्ड के भीतर घुस आए और दोनों भाइयों को लात-घूंसों से पीटना शुरू कर दिया। अस्पताल में हंगामा बढ़ता देख जब सुरक्षाकर्मी और पुलिस दौड़ी, तो आरोपी पुलिस के सामने ही परिजनों को जान से मारने की धमकी देने लगे। भागते-भागते बदमाश पीड़ित के जीजा के भाई का महंगा स्मार्टफोन भी छीनकर चंपत हो गए।
पुलिस ने 4 नामजद समेत अन्य पर कसा शिकंजा
अस्पताल जैसे सुरक्षित स्थान पर इस तरह खुलेआम गुंडागर्दी की घटना से स्थानीय स्वास्थ्यकर्मियों और मरीजों के बीच डर का माहौल है। मामले की गंभीरता को देखते हुए सिटी थाना पुलिस ने तुरंत एक्शन लिया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पीड़ित नदीम के बयानों के आधार पर परवेज, सद्दाम, समीर और आबिद समेत अन्य अज्ञात आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। अस्पताल के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और पुलिस टीमों को दबिश देने के लिए रवाना कर दिया गया है। जल्द ही सभी आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।

