Rewari : रेवाड़ी फास्ट ट्रैक कोर्ट का कड़ा फैसला, नाबालिग से दुष्कर्म और अपहरण के दोषी को 10 साल की कैद

प्रतीकात्मक फोटो
Rewari : रेवाड़ी जिला अदालत स्थित एडीजे डॉ. मैनपाल रामावत की फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट ने दुष्कर्म और अपहरण के एक मामले में कड़ा फैसला सुनाते हुए आरोपी को दोषी करार दिया है।
अदालत ने नाबालिग को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने और उसके साथ दुष्कर्म करने वाले पड़ोसी युवक को 10 साल के कठोर कारावास और 10,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। कोर्ट के आदेशानुसार, जुर्माना राशि अदा न करने पर दोषी को दो महीने की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी।
30 मई 2023 को घर से अचानक गायब हुई थी 16 वर्षीय किशोरी
मुकदमे के ब्योरे के मुताबिक, बावल थाना क्षेत्र में रहने वाली एक महिला ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया था कि 30 मई 2023 की दोपहर उसकी 16 वर्षीय नाबालिग बेटी बिना किसी को बताए अचानक घर से कहीं चली गई। परिजनों ने आसपास और रिश्तेदारों में उसकी काफी तलाश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला।
पीडि़ता की मां ने मूलरूप से बिहार के रहने वाले और उनके ही गांव में रहने वाले युवक रोहित पर आशंका जताई थी कि वह उनकी बेटी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है। महिला की शिकायत के आधार पर बावल थाना पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी।
पुलिस ने सुठानी गांव से किया था बरामद, मेडिकल में पुष्टि
कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने नाबालिग किशोरी को सुठानी गांव से सकुशल बरामद कर लिया। इसके बाद पीड़िता ने पुलिस को दिए अपने बयानों में आरोपी रोहित पर बहला-फुसलाकर ले जाने और उसके साथ दुष्कर्म करने के गंभीर आरोप लगाए।
पुलिस ने मेडिकल जांच कराने के बाद मामले में पॉक्सो एक्ट और अन्य सुसंगत धाराओं के तहत कानूनी कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था।
यह मामला तब से रेवाड़ी की फास्ट ट्रैक अदालत में विचाराधीन था। सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों के वकीलों की दलीलें सुनने और पत्रावलियों पर उपलब्ध साक्ष्यों का बारीकी से अध्ययन करने के बाद अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. मैनपाल रामावत की अदालत ने आरोपी को दोषी पाया और उसे 10 साल की सजा का यह अहम फैसला सुनाया।
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