Mahendragarh : हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय में ड्रोन तकनीक पर पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला शुरू
Mahendragarh : हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय में ड्रोन तकनीक पर पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला शुरू
Mahendragarh : हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय (हकेवि), महेंद्रगढ़ के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग द्वारा एयरोड्रोन रोबोटिक्स प्राइवेट लिमिटेड के सहयोग से पांच दिवसीय ड्रोन बिल्डिंग, प्रोग्रामिंग एंड इमर्जिंग टेक्नोलॉजीज प्रशिक्षण कार्यशाला का शुभारंभ हुआ।
21 से 25 सितंबर, 2026 तक आयोजित इस कार्यशाला में 60 से अधिक विद्यार्थी प्रतिभाग कर रहे हैं। कार्यशाला का उद्देश्य विद्यार्थियों को ड्रोन निर्माण, प्रोग्रामिंग एवं उभरती तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान करना तथा उन्हें वास्तविक जीवन की समस्याओं के तकनीकी समाधान विकसित करने के लिए तैयार करना है। कार्यशाला में व्याख्यान के साथ-साथ ’’व्यावहारिक एवं प्रयोग आधारित प्रशिक्षण’’ पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
कार्यशाला के उद्घाटन अवसर पर मुख्य अतिथि हकेवि के समकुलपति प्रो. पवन कुमार शर्मा ने कहा कि विद्यार्थी समर्पित, उत्साही और अनुशासित हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि विद्यार्थी इस कार्यशाला में नई तकनीकों को सीखने के साथ-साथ नई सोच और नवाचार के माध्यम से कुछ नया विकसित करने की दिशा में आगे बढ़ेंगे।
उन्होंने कहा कि ड्रोन एवं रोबोटिक्स जैसी उभरती तकनीकें विद्यार्थियों को इंजीनियरिंग के व्यावहारिक अनुप्रयोगों तथा वास्तविक समस्याओं के समाधान की नई दिशा प्रदान कर सकती हैं।
कार्यशाला में एयरोड्रोन रोबोटिक्स प्राइवेट लिमिटेड की ओर से कैप्टन सुनील डी. डोगरा, वीएसएम, कर्नल ए. एच. खान, ग्रुप कैप्टन बिभूति प्रकाश तथा श्री सतदेव यादव विशेषज्ञ के रूप में सहभागी हैं। उनके अनुभव से विद्यार्थियों को ड्रोन एवं रोबोटिक्स के तकनीकी पहलुओं के साथ इनके व्यावहारिक एवं मिशन-उन्मुख अनुप्रयोगों को समझने का अवसर मिल रहा है।
विभाग के अनुसार, ड्रोन तकनीक कृषि, आपदा प्रबंधन, रक्षा, निगरानी, सर्वेक्षण, लॉजिस्टिक्स एवं स्मार्ट अवसंरचना सहित विभिन्न क्षेत्रों में तेजी से उपयोग में आ रही है। ऐसे में विद्यार्थियों को इन तकनीकों से जोड़ना उन्हें उद्योग-उन्मुख एवं भविष्य के लिए आवश्यक कौशल प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
कार्यशाला की थीम बिल्ड, कोड, फ्लाई विद्यार्थियों में सीखने, निर्माण करने और नवाचार की संस्कृति को बढ़ावा देने पर केंद्रित है। कार्यशाला के आयोजन में कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग के डॉ. विपिन कुमार, अध्यक्ष; डॉ. राकेश कुमार, सहअध्यक्ष तथा डॉ. अनंत आर. बारा, संयोजक सहित आयोजन समिति के अन्य सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
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