October 4, 2026

Narnaul: भागवत कथा के श्रवण से मनुष्य को धर्म, संस्कार और सदाचार की प्रेरणा मिलती है

0
Nnl 2

Narnaul: नारनौल के महेंद्रगढ़ रोड पर स्थित त्रिमूर्ति मंदिर, 220 पावर हाउस में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के सप्तम एवं अंतिम दिवस पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। कथा के समापन अवसर पर अखिल भारतीय उद्योग व्यापार सुरक्षा मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री गोपाल शरण गर्ग ने कहा कि पितृपक्ष के दौरान श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण करना अपने पूर्वजों को सच्ची श्रद्धांजलि अर्पित करने के समान है। उन्होंने कहा कि भागवत कथा के श्रवण से मनुष्य को धर्म, संस्कार और सदाचार की प्रेरणा मिलती है।
मंदिर पुजारी पंडित मुरारीलाल वशिष्ठ ने बताया कि कथा के सप्तम एवं अंतिम दिवस के मुख्य यजमान शुभम जैन जी एवं उनकी धर्मपत्नी रहीं। दोनों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना में सहभागिता की। कथा का शुभारंभ आचार्य सोमदत्त वेदपाठी जी द्वारा वैदिक मंत्रोच्चारण एवं विधिवत पूजा-अर्चना करवाकर किया गया। कथा के अंतिम दिवस पर विशेष सम्मान समारोह एवं व्यास विदाई कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सुनील गौड़ जी, नवीन वर्मा जी (रिटायर्ड चीफ, बिजली विभाग), सुरेंद्र चौधरी (रिटायर्ड जिला प्रबंधक हैफेड), बिशन सैनी जी वरिष्ठ महामंत्री जिला व्यापार सुरक्षा मंच, सुभाष रोहिला जी, अनिल सैनी जी, देशराज जी, विपिन अग्रवाल जी, भूप सिंह यादव जी सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी अतिथियों एवं श्रद्धालुओं ने कथा व्यास पूज्य परमानंद जी महाराज का सम्मान एवं अभिनंदन कर उन्हें भावपूर्ण विदाई दी।
अंतिम दिवस पर श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति में फूलों की होली खेली। फूलों की वर्षा और भजनों के बीच पूरा वातावरण भक्तिमय एवं आनंदमय हो उठा।श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर कथा के अंतिम दिवस को यादगार बनाया।इस प्रकार सात दिनों तक चले श्रीमद्भागवत कथा आयोजन का भव्य एवं भक्तिमय वातावरण में समापन हुआ। मंदिर समिति के अनुसार कल यज्ञ एवं पूर्णाहुति का आयोजन किया जाएगा, जिसके साथ श्रीमद्भागवत कथा आयोजन का विधिवत समापन होगा।

 

यह भी देखें      Narnaul: एसडीएम उदय सिंह ने मौके पर ही बनाई वृद्धावस्था पेंशन

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed