Breaking News
25 October Rashifal: रविवार के दिन इन राशियों पर बरसेगी सूर्यदेव की कृपा, चमक जाएगी किस्मतMother Son Viral Video: मां की तबीयत खराब हुई तो 14 साल के बेटे ने संभाला किचन, वीडियो देख हर कोई कर रहा तारीफYamunanagar News: यमुनानगर में खौफनाक कत्ल, मां के प्रेमी की बेटे ने रॉड से पीट-पीटकर की हत्या, कट्टे में मिला शवNarnaul Mandi Update: नई अनाज मंडी नारनौल में बाजरा खरीद का नया रोस्टर जारी, 26 से 31 अक्टूबर तक तय गांवों के किसान ला सकेंगे फसलNarnaul News: हरियाणा रोडवेज कर्मचारी सांझा मोर्चा का दोहरे विरोध प्रदर्शन के तहत मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन, 5 व 6 नवंबर की हड़ताल की चेतावनी25 October Rashifal: रविवार के दिन इन राशियों पर बरसेगी सूर्यदेव की कृपा, चमक जाएगी किस्मतMother Son Viral Video: मां की तबीयत खराब हुई तो 14 साल के बेटे ने संभाला किचन, वीडियो देख हर कोई कर रहा तारीफYamunanagar News: यमुनानगर में खौफनाक कत्ल, मां के प्रेमी की बेटे ने रॉड से पीट-पीटकर की हत्या, कट्टे में मिला शवNarnaul Mandi Update: नई अनाज मंडी नारनौल में बाजरा खरीद का नया रोस्टर जारी, 26 से 31 अक्टूबर तक तय गांवों के किसान ला सकेंगे फसलNarnaul News: हरियाणा रोडवेज कर्मचारी सांझा मोर्चा का दोहरे विरोध प्रदर्शन के तहत मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन, 5 व 6 नवंबर की हड़ताल की चेतावनी

AI Workload Story: AI ने बढ़ाई IT वालों की टेंशन, बेंगलुरु की टेक प्रोफेशनल बोलीं- 5 की जगह मिल रहे 25 काम!

AI Workload Story: AI ने बढ़ाई IT वालों की टेंशन, बेंगलुरु की टेक प्रोफेशनल बोलीं- 5 की जगह मिल रहे 25 काम!

AI ने बढ़ाई IT वालों की टेंशन, बेंगलुरु की टेक प्रोफेशनल बोलीं- 5 की जगह मिल रहे 25 काम!

AI Quick Summary

Want to save time? Let our AI read the article and give you 3 quick bullet points.

Listen to this article
AUDIO VERSION
AAmandeep Singh

AI Workload Story: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर जब शुरुआती दौर में चर्चाएं शुरू हुई थीं, तो दावा किया गया था कि यह इंसानों का काम आसान करेगा और उनकी उत्पादकता (Productivity) को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा। लेकिन देश की सिलिकॉन वैली कहे जाने वाले शहर बेंगलुरु से आई एक ग्राउंड रिपोर्ट ने इन दावों की पोल खोलकर रख दी है। बेंगलुरु में कार्यरत सॉफ्टवेयर प्रोफेशनल रूपाली तिवारी ने एक वीडियो साझा कर आईटी इंडस्ट्री की उस कड़वी सच्चाई को उजागर किया है, जिससे लाखों टेक प्रोफेशानल्स रोज जूझ रहे हैं।

शुरुआती सहूलियत के बाद बदला कंपनियों का पैंतरा

विज्ञापन

रूपाली ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो शेयर कर बताया कि जब एआई पहली बार ऑफिस कल्चर में शामिल हुआ था, तब काम में थोड़ी तेजी जरूर आई थी। हालांकि, उस वक्त कर्मचारियों के मन में यह डर भी था कि कहीं एआई उनकी नौकरियां न छीन ले। लेकिन वक्त बीतने के साथ कंपनियों के प्रबंधन (Management) की सोच ही बदल गई।

मैनेजमेंट अब यह मानकर चल रहा है कि चूंकि कर्मचारी के पास एआई टूल्स की सुविधा है, इसलिए वह कम समय में कई गुना ज्यादा काम निपटा सकता है। रूपाली के शब्दों में, “पहले जहां हमें किसी प्रोजेक्ट में 5 टास्क मिलते थे, वहीं अब 20 से 25 काम थमा दिए जाते हैं। आप चाहे कितना भी काम कर लें, मैनेजमेंट को वह कभी पर्याप्त नहीं लगता, क्योंकि उन्हें लगता है कि सारा काम तो एआई ही कर रहा है।”

10 इंसानों का काम एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर के कंधों पर

अपनी बात को पुख्ता करने के लिए रूपाली ने अपने एक दोस्त का जिक्र किया जो एक प्रमुख टेक कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर है। उन्होंने बताया कि जिस काम को पहले पूरी टीम मिलकर संभालती थी, अब वही काम उनके दोस्त को अकेले करना पड़ रहा है। वह खुद ही कोड लिखता है, उसका रिव्यू करता है और उसे डिप्लॉय (Deploy) भी करता है। वर्तमान में वह अकेला इंजीनियर एक साथ 10 प्रोजेक्ट्स पर काम कर रहा है।

मानसिक तनाव और ‘बर्नआउट’ की ओर बढ़ते कर्मचारी

 

View this post on Instagram

 

A post shared by Rupali Tiwari (@rupali_tiwari__)

टेक इंडस्ट्री में अब यह स्थिति बन चुकी है कि कंपनियां 10 साल का लक्ष्य महज 6 महीने से एक साल के भीतर हासिल कर लेना चाहती हैं। वर्कलोड में इस असामान्य और अवास्तविक बढ़ोतरी से सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स में मानसिक तनाव, डिप्रेशन और बर्नआउट की शिकायतें बढ़ रही हैं।

रूपाली के इस वीडियो के सामने आने के बाद आईटी पेशेवरों के बीच एक नई बहस छिड़ गई है। बड़ी संख्या में यूजर्स ने प्रतिक्रिया देते हुए माना कि एआई टूल्स ने भले ही कोडिंग या ड्राफ्टिंग तेज कर दी हो, लेकिन इंसानी दिमाग की क्षमता को नजरअंदाज कर वर्कलोड की जो नई सीमा तय की जा रही है, वह लंबे समय में पूरी इंडस्ट्री के लिए खतरनाक साबित हो सकती है।

यह भी पढ़ें– Mahendragarh News: महेंद्रगढ़ को बड़ी सौगात, सीएम नायब सैनी ने नांगल चौधरी लॉजिस्टिक हब से पहली मालगाड़ी को दिखाई हरी झंडी

ख़बर पसंद आई? शेयर करें
विज्ञापन

ट्रेंडिंग की और ख़बरें

ताज़ा ख़बरें सीधे अपने ईमेल पर

जगमार्ग न्यूज़ की बड़ी ख़बरें रोज़ अपने इनबॉक्स में पाएं। मुफ़्त, कभी भी अनसब्सक्राइब करें।