हाईकोर्ट पहुंचा संगरूर गुलजार सिंह केस: पंजाब सरकार से स्टेटस रिपोर्ट तलब, 6 अक्टूबर को अगली सुनवाई

हाईकोर्ट पहुंचा संगरूर गुलजार सिंह केस
Gulzar Singh Suicide Case: संगरूर के तूर बंजारा गांव के गुलजार सिंह की मौत का मामला अब पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट पहुंच गया है। बुधवार को मामले से जुड़ी दो अलग-अलग याचिकाओं पर सुनवाई हुई। अदालत ने पंजाब सरकार से मामले की स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने को कहा है।
हाईकोर्ट ने एसएसपी कार्यालय से भी मामले में अब तक हुई कार्रवाई और जांच की जानकारी मांगी है। अदालत ने फिलहाल पंजाब सरकार को औपचारिक नोटिस जारी करने के बजाय स्टेटस रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया है।
याचिकाकर्ताओं ने CBI जांच की मांग की
सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ताओं की ओर से मामले की जांच CBI से कराने की मांग रखी गई। हालांकि, अदालत ने अभी CBI जांच का आदेश नहीं दिया है। फिलहाल राज्य सरकार से मामले की जांच की स्थिति और अब तक की कार्रवाई का विवरण मांगा गया है।
मामले की अगली सुनवाई 6 अक्टूबर को होगी। उस दिन सरकार की ओर से दाखिल की जाने वाली स्टेटस रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्यवाही पर सुनवाई होगी।
गुलजार ने मंत्री के सामने उठाया था नशे का मुद्दा
गुलजार सिंह ने 6 सितंबर को संगरूर के तूर बंजारा गांव में पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के सामने इलाके में नशे की बिक्री का मुद्दा उठाया था। उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, उन्होंने अपने बेटे के नशे की लत का जिक्र करते हुए इलाके में चिट्टे की बिक्री पर सवाल उठाया था।
इसके बाद गुलजार सिंह पर माफी मांगने के लिए दबाव बनाए जाने का परिवार ने आरोप लगाया। परिवार के मुताबिक, स्थानीय स्तर पर उनके साथ विवाद और कथित धमकी के बाद उन्होंने जहरीली चीज निगल ली। पुलिस ने इस मामले में स्थानीय लोगों के खिलाफ केस दर्ज किए जाने की भी रिपोर्ट सामने आई है।
वीडियो में गुलजार ने लगाए थे आरोप
गुलजार सिंह की मौत से पहले के वीडियो भी सामने आए थे। इनमें वह नशे के मुद्दे को लेकर अपनी बात बताते हुए कुछ लोगों के नाम लेता दिखाई देता है। एक वीडियो में वह चिट्टे के मुद्दे को उठाने की बात कहता है। बाद में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
परिवार का आरोप है कि गुलजार को सार्वजनिक रूप से माफी मांगने के लिए दबाव और धमकियों का सामना करना पड़ा। हालांकि, इन आरोपों की जांच होना बाकी है और हाईकोर्ट ने भी फिलहाल मामले में सरकार से जांच की स्थिति रिपोर्ट मांगी है।
मंत्री का नाम आने के बाद मामला और संवेदनशील हुआ
इस मामले में वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा का नाम गुलजार के बयानों और परिवार की ओर से लगाए गए आरोपों के कारण सामने आया है। विपक्षी दलों ने मंत्री के खिलाफ जांच और कार्रवाई की मांग की है। दूसरी ओर, आम आदमी पार्टी ने मंत्री को मामले में घसीटे जाने पर सवाल उठाए हैं।
राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने भी गुलजार सिंह की मौत को लेकर पंजाब सरकार से रिपोर्ट मांगी थी। आयोग ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच के निर्देश दिए थे।
अब हाईकोर्ट की रिपोर्ट पर नजर
हाईकोर्ट के निर्देश के बाद पंजाब सरकार को मामले में अब तक हुई जांच और कार्रवाई की जानकारी अदालत के सामने रखनी होगी। इसके बाद 6 अक्टूबर की सुनवाई में अदालत आगे की कार्रवाई पर विचार करेगी। फिलहाल CBI जांच का कोई आदेश नहीं हुआ है और मामले में सामने आए आरोपों की न्यायिक जांच की प्रक्रिया जारी है।
