Amritsar News: बरनाला लाठीचार्ज घटना पर आज अमृतसर बंद, अस्पताल और मेडिकल स्टोर खुले रहेंगे
बरनाला लाठीचार्ज घटना पर आज अमृतसर बंद
Amritsar News: अमृतसर में आज यानी गरुवार बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में बंद का आह्वान किया गया है। डॉ. बी.आर. अंबेडकर भलाई मंच और भगवान वाल्मीकि शक्ति दल के नेतृत्व में वाल्मीकि समाज ने शहरवासियों, व्यापारियों और दुकानदारों से इस बंद को समर्थन देने की अपील की है। संगठनों का कहना है कि यह विरोध प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहेगा और इसका उद्देश्य सरकार तक पीड़ित कर्मचारियों की आवाज पहुंचाना है। अमृतसर में बंद के ऐलान को लेकर विभिन्न बाजारों और व्यापारिक क्षेत्रों में भी चर्चा बनी हुई है। संगठन के नेताओं ने भरोसा दिलाया है कि आम लोगों को असुविधा पहुंचाना आंदोलन का उद्देश्य नहीं है। इसी वजह से अस्पताल, एंबुलेंस और मेडिकल स्टोर जैसी आवश्यक सेवाओं को बंद से बाहर रखा गया है।
वाल्मीकि समाज ने जताया बरनाला घटना पर रोष
डॉ. बी.आर. अंबेडकर भलाई मंच के चेयरमैन ओम प्रकाश अनारिया और भगवान वाल्मीकि शक्ति दल के चेयरमैन डॉ. जैमल सिंह वडाला ने कहा कि बरनाला की घटना से पूरे समाज में नाराजगी है। उनका आरोप है कि प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मचारियों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया और महिला कर्मचारियों के साथ भी कथित तौर पर दुर्व्यवहार किया गया। उन्होंने कहा कि बंद का मकसद किसी व्यक्ति, व्यापारी या आम नागरिक को परेशान करना नहीं है। आंदोलन केवल पीड़ित कर्मचारियों के लिए न्याय की मांग को मजबूत करने के लिए किया जा रहा है।
क्या है बरनाला विवाद की पूरी वजह
बरनाला में सफाई कर्मचारी 8 जुलाई से पक्की नौकरी, वेतन वृद्धि और पुरानी पेंशन योजना बहाल करने सहित विभिन्न मांगों को लेकर हड़ताल पर थे। इसके बाद पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के निर्देशों के अनुसार 22 जुलाई को बरनाला नगर निगम और जिला प्रशासन ने पुलिस सुरक्षा के बीच शहर से कूड़ा हटाने का अभियान शुरू कराया। इसी दौरान हड़ताली कर्मचारियों और पुलिस के बीच तीखी झड़प हो गई। हालात बिगड़ने पर प्रदर्शनकारियों को हटाने के लिए पुलिस द्वारा कथित तौर पर बल प्रयोग और लाठीचार्ज किया गया।
वीडियो वायरल होने के बाद बढ़ा विवाद
घटना के कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए। इनमें कुछ महिला सफाई कर्मचारियों के साथ कथित मारपीट और दुर्व्यवहार के आरोप भी सामने आए, जिसके बाद मामला पूरे पंजाब में चर्चा का विषय बन गया। घटना के बाद विभिन्न कर्मचारी संगठनों और सामाजिक संगठनों ने भी पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए और निष्पक्ष जांच की मांग की।
सरकार ने डीएसपी को किया निलंबित
घटना को लेकर बढ़ते विवाद और राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग तथा अनुसूचित जाति आयोग के हस्तक्षेप के बाद पंजाब सरकार ने कार्रवाई की। पटियाला रेंज से रिपोर्ट मिलने के बाद पंजाब के डीजीपी ने डीएसपी सतवीर सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के आदेश जारी किए। सरकार की इस कार्रवाई के बावजूद कर्मचारी संगठनों और विभिन्न सामाजिक संगठनों का कहना है कि पूरे मामले में जिम्मेदार सभी अधिकारियों के खिलाफ निष्पक्ष कार्रवाई होनी चाहिए।
विपक्ष ने सरकार पर साधा निशाना
बरनाला की घटना को लेकर भाजपा, कांग्रेस और शिरोमणि अकाली दल सहित विपक्षी दल लगातार आम आदमी पार्टी सरकार को घेर रहे हैं। विपक्ष का आरोप है कि अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मचारियों पर बल प्रयोग किया गया, जबकि सरकार का दायित्व उनकी समस्याओं का समाधान करना था। इस घटनाक्रम के बाद पंजाब में सफाई कर्मचारियों के मुद्दे और श्रमिक अधिकारों को लेकर राजनीतिक बहस और तेज हो गई है।
