July 6, 2026

CM Naib Saini Visit Ladwa: लाडवा के बीड़ कालवा पहुंचे सीएम नायब सैनी, जिस घायल को काफिले से भेजा था अस्पताल, उसकी मौत पर जताया दुख

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CM Naib Saini Visit Ladwa: लाडवा के बीड़ कालवा पहुंचे सीएम नायब सैनी, जिस घायल को काफिले से भेजा था अस्पताल, उसकी मौत पर जताया दुख

24 जून को जिस युवक के लिए रुकवाया था वीआईपी काफिला, उसके निधन पर लाडवा पहुंचे सीएम सैनी

CM Naib Saini Visit Ladwa: लाडवा। (कैलाश गोयल): राजनीति में अक्सर राजनेताओं की व्यस्तताएं उन्हें आम जनता के दुखों से दूर कर देती हैं, लेकिन हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शनिवार को लाडवा के गांव बीड़ कालवा पहुंचकर संवेदनशीलता की एक नई मिसाल पेश की है। मुख्यमंत्री सैनी बीते दिनों एक सड़क हादसे में असमय काल का ग्रास बने स्थानीय युवक अमित सैनी के घर पहुंचे।

उन्होंने शोकाकुल परिवार के बीच बैठकर न सिर्फ उनका दर्द साझा किया, बल्कि इस बेहद कठिन घड़ी में उन्हें ढांढस बंधाते हुए हरसंभव संबल देने का भरोसा भी दिया।

जब मुख्यमंत्री ने घायलों को देख रुकवा दिया था अपना वीआईपी काफिला

इस पूरी घटनाक्रम के पीछे की कहानी मुख्यमंत्री की मानवीय संवेदनाओं को दर्शाती है। बीते 24 जून को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का काफिला बाबैन से चंडीगढ़ की ओर बढ़ रहा था। इसी दौरान रास्ते में एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ था, जिसमें अमित सैनी और उसका एक साथी लहूलुहान हालत में सड़क पर तड़प रहे थे।

अमूमन वीआईपी मूवमेंट के दौरान सुरक्षा कारणों से काफिले रुकते नहीं हैं, लेकिन जैसे ही यह खौफनाक मंजर मुख्यमंत्री की नजरों के सामने आया, उन्होंने बिना एक पल गंवाए अपनी गाड़ियों को रोकने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने प्रोटोकॉल को किनारे रखकर अपने काफिले के साथ चल रही पायलट एम्बुलेंस में दोनों घायलों को तुरंत शाहबाद के नागरिक अस्पताल भिजवाया।

पीजीआई में टूट गई सांसों की डोर, गांव पहुंचे कई गणमान्य लोग

शाहबाद अस्पताल में प्राथमिक इलाज के बाद अमित की नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे पीजीआई चंडीगढ़ (PGI Chandigarh) रेफर कर दिया था।

वहां डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद अमित सैनी जिंदगी की जंग हार गया। युवक की मौत की खबर मिलते ही मुख्यमंत्री ने अपने लाडवा दौरे के दौरान सीधे बीड़ कालवा का रुख किया। उन्होंने भावुक मन से कहा कि किसी भी परिवार के लिए उसके युवा सदस्य का असमय चले जाना एक ऐसा घाव है जिसे कभी भरा नहीं जा सकता।

मुख्यमंत्री के इस संवेदनशील रवैए की पूरे इलाके में जमकर तारीफ हो रही है। ग्रामीणों का कहना है कि दुर्घटना के वक्त फरिश्ता बनकर मदद करने से लेकर मौत के बाद खुद घर आकर दुख बांटना मुख्यमंत्री के जमीन से जुड़े होने का सुबूत है।

इस दुखद मौके पर मुख्यमंत्री के साथ कई प्रशासनिक अधिकारियों के अलावा मुख्यमंत्री प्रतिनिधि कैलाश सैनी, भाजपा जिलाध्यक्ष रमेश सैनी, मीडिया कोऑर्डिनेटर तुषार सैनी, जिला परिषद चेयरमैन कंवलजीत कौर और भाजपा मंडल अध्यक्ष विकास शर्मा समेत अनिल टाटकी, नायब पटाकमाजरा, चेयरमैन जसविंदर जस्सी, डॉ. पूनम सैनी, परमजीत कौर कश्यप और बड़ी संख्या में ग्रामीण परिवार को सांत्वना देने पहुंचे।

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