Mahendragarh : शांत, सद्भाव और सहयोगी समाज का निर्माण ही सहकारिता है- दीनानाथ ठाकुर
Mahendragarh : शांत, सद्भाव और सहयोगी समाज का निर्माण ही सहकारिता है- दीनानाथ ठाकुर
Mahendragarh : हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय (हकेवि), महेंद्रगढ़ में विश्वविद्यालय उद्यमिता प्रकोष्ठ, सहकार भारती, हरियाणा एवं अधिष्ठाता छात्र कल्याण (डीएसडब्ल्यू) कार्यालय के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय सहकारिता विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को सहकारिता की अवधारणा, उसके महत्त्व तथा सहकारी संस्थाओं के माध्यम से उद्यमिता एवं सामूहिक विकास की संभावनाओं से परिचित कराना रहा। कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. टंकेशवर कुमार ने की और मुख्य अतिथि के रूप में सहकार भारती के राष्ट्रीय संरक्षक एवं सामाजिक कार्यकर्ता दीनानाथ ठाकुर उपस्थित रहे।
विशिष्ठ अतिथि के रूप में सहकार भारती के हरियाणा प्रांत महामंत्री सौरभ भीष्म, हरियाणा प्रांत अध्यक्ष डॉ. राजबीर सिंह गोदारा एवं सामाजिक कार्यकर्ता दयानंद शर्मा सम्मिलित हुए।
आयोजन में मुख्य अतिथि दीनानाथ ठाकुर ने विद्यार्थियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि हम सबका प्रयास शांत, सौहार्द, सहयोगी, सहकारी समाज एवं वातावरण का निर्माण करना होना चाहिए। उन्होंने कहा शांत, सद्भाव, सौहार्दपूर्ण समाज ही सहकारिता है। व्यक्ति, समाज और राष्ट्र इस सहकार की भावना से ही विकास करते है, यह हम सबमें व्याप्त है।
इस अवसर पर कुलपति प्रो. टंकेशवर कुमार ने कहा कि हम एक साथ मिलकर सभी कार्य कर सकते हैं। जीवन के साथ एवं कार्य के बाद भी हम सहकारिता संगठन तैयार कर सकते हैं। हमें अपने-अपने क्षेत्र में सहकार स्थापित कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि ज्ञान होना और ज्ञान का एक्सपेरिमेंट करना अन्य विषय है। उन्होंने कहा कि ज्ञान का इस्तेमाल करना हम सबको सीखना चाहिए।
आयोजन में सौरभ भीष्म ने सहकार भारती की विस्तृत परिचय दिया। दयानंद शर्मा ने उद्यमिता में सहकारिता की आवश्यकता का विषय प्रबोधन किया और राजबीर सिंह ने कहा कि लूट खसोट से समृद्धि प्राप्त नहीं की जा सकती।

कार्यक्रम में नेशनल कॉ-आपरेशन यूनियन ऑफ इंडिया के प्रशिक्षक ने विद्यार्थियो को प्रशिक्षण प्रदान किया। कार्यकम में उद्यमिता प्रकोष्ठ के प्रमुख डॉ. अजय ने विश्वविद्यालय की उद्यमिता नीति एवं कार्यक्रमों का विस्तार से वर्णन किया। प्रो. रेनू ने स्वागत एवं छात्र कल्याण गतिविधियों का वर्णन किया।
कार्यक्रम में प्रो. आनंद शर्मा, प्रो. आशीष माथुर, डॉ. संदीप बूरा, डॉ. नीरज कर्ण सिंह, डॉ. सुनील अग्रवाल सहित सचिन, अरुण जोशी सहित विद्यार्थी एवं शोधार्थी उपस्थित रहे। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को सहकारिता के मूल सिद्धांतों, सहकारी संस्थाओं की भूमिका, सामूहिक उद्यमिता तथा युवाओं के लिए सहकारिता के माध्यम से उपलब्ध अवसरों से संबंधित विभिन्न पहलुओं की जानकारी प्रदान की गई।
कार्यक्रम में सहकारिता क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों द्वारा विद्यार्थियों के साथ संवाद किया गया तथा सहकारिता आधारित कार्यप्रणाली को समझने के लिए व्यावहारिक दृष्टिकोण पर चर्चा की गई। प्रतिभागियों को सहकारिता के माध्यम से स्थानीय स्तर पर रोजगार, उद्यमिता और सामाजिक-आर्थिक विकास की संभावनाओं के बारे में भी अवगत कराया गया।
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