September 19, 2026

Bathinda Sanitation Workers Strike : बठिंडा में सफाई कर्मचारियों ने शुरू की हड़ताल, ठप हुआ कचरा उठान

0
Bathinda Sanitation Workers Strike : बठिंडा में सफाई कर्मचारियों ने शुरू की हड़ताल, ठप हुआ कचरा उठान

बठिंडा में सफाई कर्मचारियों ने शुरू की हड़ताल, ठप हुआ कचरा उठान

Bathinda Sanitation Workers Strike : मालवा के प्रमुख शहर बठिंडा में प्रशासनिक दावों की पोल खुलती नजर आ रही है। अपनी पेंडिंग मांगों को मनवाने के लिए नगर निगम के सफाई और सीवरेज कर्मचारियों ने शनिवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल का बिगुल फूंक दिया है।

सुबह होते ही तमाम कर्मचारियों ने अपना कामकाज पूरी तरह ठप कर दिया और नगर निगम कार्यालय के बाहर इकट्ठा होकर जोरदार रोष प्रदर्शन किया। इस दौरान कर्मचारियों ने पंजाब सरकार और निगम प्रशासन के खिलाफ जमकर भड़ास निकाली और नारेबाजी की।

पहले ही दिन दिखने लगा हड़ताल का असर

हड़ताल के शुरुआती कुछ घंटों में ही इसका व्यापक असर पूरे शहर की सड़कों और गलियों पर दिखाई देने लगा। सुबह-सुबह सड़कों पर झाड़ू न लगने के कारण जगह-जगह गंदगी पसरी नजर आई। सबसे बड़ी समस्या शहर के करीब 65 हजार घरों से डोर-टू-डोर कचरा उठान बंद होने से खड़ी हो गई है। यदि यह गतिरोध जल्द खत्म नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में बठिंडा के नागरिकों को कूड़े के ढेरों और गंभीर सीवरेज समस्याओं के बीच भारी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।

पांचवीं बार हड़ताल का रास्ता अपनाने को मजबूर हुए कर्मी

नगर निगम के बाहर धरने पर बैठे कर्मचारियों ने रोष जताते हुए बताया कि वे अपनी मांगों को लेकर पहले भी चार बार हड़ताल कर चुके हैं और यह उनकी पांचवीं हड़ताल है। उन्होंने पुरानी वार्ताओं को याद करते हुए कहा कि पिछली हड़ताल के दौरान प्रशासन और सरकार ने आउटसोर्स कर्मचारियों को पक्का करने का ठोस भरोसा दिया था।

उस आश्वासन को बीते हुए करीब तीन महीने का वक्त बीत चुका है, लेकिन नगर निगम हाउस की बैठक में इन कर्मचारियों को नियमित करने का कोई प्रस्ताव तक पेश नहीं किया गया। कर्मचारियों का आरोप है कि अधिकारी केवल कोरे आश्वासन देकर गुमराह कर रहे हैं।

450 से ज्यादा कर्मचारियों को पक्का करने की मांग

कर्मचारियों की मुख्य और आर-पार की मांग यही है कि नगर निगम के 450 से अधिक कॉन्ट्रैक्ट और आउटसोर्स कर्मचारियों को तुरंत पक्का किया जाए। यूनियन नेताओं ने दोटूक चेतावनी दी है कि जब तक निगम प्रशासन जनरल हाउस की मीटिंग बुलाकर इनसोर्स करने का प्रस्ताव पास करके सरकार को नहीं भेजता, तब तक उनका यह संघर्ष अनिश्चितकाल तक जारी रहेगा।  प्रदर्शनकारियों ने साफ कर दिया कि यदि जल्द ही उनकी सुध नहीं ली गई, तो वे इस आंदोलन को और भी ज्यादा उग्र रूप देने के लिए मजबूर होंगे।

Ludhiana Murder Case : लुधियाना में धारदार हथियारों से गोदकर महिला की हत्या, बाजू पर टैटू से होगी पहचान

Click Here : पंजाब, मोहाली, चंडीगढ़ और आसपास के इलाकों की ताज़ा खबरों और अपडेट्स से जुड़े रहने के लिए आप हमारे व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन कर सकते हैं। ग्रुप में जुड़ने के लिए क्लिक करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed