LPU विवाद पर महिला आयोग सख्त: DC-SSP को नोटिस जारी कर मांगी रिपोर्ट, इंटरनेट सेवा बंद
LPU हिंसा पर महिला आयोग ने DC-SSP से मांगी रिपोर्ट
LPU Violence News: पंजाब के फगवाड़ा स्थित लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) में हिंसा और हंगामे के बाद प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। यूनिवर्सिटी में अगले आदेश तक इंटरनेट बंद कर दिया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, सोशल मीडिया पर भड़काऊ वीडियो और संदेशों के प्रसार से दोबारा माहौल बिगड़ने की आशंका को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। इस बीच पंजाब महिला आयोग ने मामले का संज्ञान लेते हुए कपूरथला के डिप्टी कमिश्नर (DC) और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) को नोटिस जारी किया है। आयोग ने उनसे FIR की कॉपी, विशेष जांच टीम (SIT) के गठन और अब तक की जांच की रिपोर्ट मांगी है। साथ ही गर्ल्स हॉस्टल में छात्राओं की सुरक्षा के लिए किए गए इंतजामों की जानकारी भी तलब की गई है। हंगामे के बाद यूनिवर्सिटी ने 10 दिन की छुट्टी घोषित कर दी है। मिड-टर्म परीक्षाएं भी रद्द कर दी गई हैं। जो छात्र घर जाना चाहते हैं, उन्हें अपने अभिभावकों को बुलाने के लिए कहा गया है। इसके बाद बड़ी संख्या में छात्र अपने घरों की ओर लौट रहे हैं।
LPU में हुए हंगामे के बाद पंजाब महिला आयोग ने मामले की जांच और छात्राओं की सुरक्षा को लेकर प्रशासन से जवाब मांगा है। आयोग ने कपूरथला के DC और SSP को नोटिस जारी कर FIR की प्रति, SIT की जानकारी और अब तक की जांच रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा है। आयोग ने यूनिवर्सिटी के गर्ल्स हॉस्टल में सुरक्षा व्यवस्था से जुड़ी जानकारी भी मांगी है। इसमें छात्राओं की सुरक्षा के लिए किए गए इंतजामों का ब्योरा शामिल है। आयोग की ओर से यह कार्रवाई ऐसे समय में की गई है, जब यूनिवर्सिटी में हुए हंगामे के बाद सुरक्षा और जांच को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
CM मान के निर्देश पर यूनिवर्सिटी पहुंचे DGP
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मामले का संज्ञान लेते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही है। उनके निर्देश पर पंजाब के DGP गौरव यादव यूनिवर्सिटी पहुंचे और वहां की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने छात्रों और पुलिस की कार्रवाई से जुड़े घटनाक्रम की जानकारी ली। DGP गौरव यादव ने कहा कि पुलिस ने न्यूनतम बल का इस्तेमाल किया और छात्रों से बातचीत के जरिए मामला सुलझाने की कोशिश की। उन्होंने बताया कि मामले की जांच के लिए विशेष जांच टीम गठित की गई है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
हिंसा के बाद यूनिवर्सिटी प्रशासन ने 10 दिन की छुट्टी घोषित कर दी है। यूनिवर्सिटी की ओर से छात्रों को बताया गया है कि जो घर जाना चाहते हैं, वे अपने अभिभावकों को बुला सकते हैं। इसके बाद छात्र सामान लेकर परिसर से निकलने लगे हैं। हंगामे के चलते यूनिवर्सिटी की मिड-टर्म परीक्षाएं भी रद्द कर दी गई हैं। फिलहाल छात्रों की पढ़ाई और परीक्षा कार्यक्रम पर असर पड़ा है। यूनिवर्सिटी में इंटरनेट सेवा अगले आदेश तक बंद रखी गई है, जबकि परिसर में पुलिस बल तैनात है।
सोशल मीडिया पर वायरल मैसेज के बाद शुरू हुआ था हंगामा
यूनिवर्सिटी में शनिवार और रविवार की दरमियानी रात उस समय तनाव शुरू हुआ, जब सोशल मीडिया पर एक छात्रा से रेप का दावा करने वाला मैसेज वायरल हुआ। इसके बाद छात्रों ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। रविवार को हंगामा बढ़ा और परिसर में तोड़फोड़ की घटनाएं हुईं। स्थिति नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े। प्रदर्शन कर रहे छात्रों की ओर से भी पथराव किया गया और पुलिस की गाड़ियों को आग के हवाले किया गया। इस दौरान यूनिवर्सिटी परिसर और आसपास के इलाकों में तनाव बना रहा। हंगामा रविवार आधी रात के आसपास शांत हुआ। सोशल मीडिया पर वायरल मैसेज में लगाए गए आरोपों की जांच पुलिस कर रही है। छात्रों की मांग के बाद पुलिस ने छात्रा से रेप के आरोप से जुड़ी FIR दर्ज की है। मामले की जांच के लिए SIT गठित की गई है। पुलिस ने छात्रों को भरोसा दिलाया है कि शिकायत और आरोपों की जांच की जाएगी।
दिल्ली-अमृतसर हाईवे पर 18 घंटे तक रहा जाम
LPU में हुए हंगामे का असर आसपास के यातायात पर भी पड़ा। दिल्ली-अमृतसर नेशनल हाईवे पर रविवार सुबह करीब 6 बजे से जाम लग गया था। प्रदर्शन और तनाव के चलते हाईवे पर यातायात प्रभावित रहा और वाहन चालकों को परेशानी हुई। करीब 18 घंटे तक चले जाम के बाद रविवार रात लगभग 12 बजे हाईवे को दोबारा खोल दिया गया। इसके बाद वाहनों की आवाजाही बहाल हुई। हंगामे के दौरान मॉल से सामान लूटे जाने और कुछ अज्ञात युवकों की ओर से गर्ल्स हॉस्टल में घुसने की कोशिश किए जाने की भी जानकारी सामने आई है।
हंगामे के बाद फिलहाल स्थिति पुलिस के नियंत्रण में बताई जा रही है। यूनिवर्सिटी परिसर में पुलिस बल तैनात है और अधिकारी हालात पर नजर रख रहे हैं। पुलिस ने मामले की जांच के लिए SIT बनाई है, जिसमें पांच स्टूडेंट्स शामिल हैं। DIG नवीन सिंगला ने छात्रों को भरोसा दिलाया है कि मामले की जांच की जाएगी। महिला आयोग ने भी प्रशासन से रिपोर्ट मांगी है। अब जांच में सामने आने वाले तथ्यों और आयोग को सौंपी जाने वाली रिपोर्ट पर आगे की कार्रवाई निर्भर करेगी।
