Yamunanagar News: गणपति विसर्जन के दिन गायब हुए युवक की मौत: हाथ से कड़ा गायब, परिजनों ने दोस्तों पर उठाए सवाल
गणपति विसर्जन के दिन गायब हुए युवक की मौत: हाथ से कड़ा गायब
Yamunanagar News: यमुनानगर जिले के बूड़िया क्षेत्र से गणपति मूर्ति विसर्जन की रात अचानक गायब हुए 21 वर्षीय गौरव की गुत्थी और उलझ गई है। हादसे के चार दिन बाद मंगलवार शाम गौरव का शव करनाल के इंद्री क्षेत्र से होकर गुजर रही पश्चिमी यमुना नहर से बरामद कर लिया गया। 25 सितंबर (शुक्रवार) की रात से ही गोताखोरों की टीम नहर के कई किलोमीटर के दायरे में खाक छान रही थी, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिल पा रहा था।
शव मिलने के बाद जहां परिवार में कोहराम मच गया, वहीं परिजनों ने इसे महज एक हादसा मानने से साफ इनकार कर दिया है। परिजनों ने पूरे मामले में हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस प्रशासन से निष्पक्ष जांच और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
‘जो दूसरों को डूबने से बचाता था, वह खुद कैसे डूब गया?’
मृतक के परिजनों का कहना है कि गौरव कोई साधारण तैराक नहीं था, बल्कि वह काफी अच्छा तैरना जानता था। अतीत में भी उसने नहर में डूब रहे कई लोगों की जान बचाई थी। ऐसे में दोस्तों द्वारा गढ़ी गई यह कहानी कि वह नहर के तेज बहाव में बह गया, उनके गले नहीं उतर रही है।
परिजनों ने गौरव के साथ मौजूद दोस्तों के बयानों में भारी विरोधाभास होने का आरोप लगाया है। घटना की रात दोस्तों ने दावा किया था कि वे सभी नहर में नहाने उतरे थे और उसी दौरान गौरव गहराई में चले जाने के कारण बह गया। लेकिन जब मंगलवार को उसका शव पानी से बाहर निकाला गया, तो उसके शरीर पर सारे कपड़े मौजूद थे।
हाथ का कड़ा गायब, रातभर घर वालों से छिपाया हादसा
परिजन रामकुमार ने तीखे सवाल उठाते हुए कहा कि अगर युवक नहर में नहाने उतरा था, तो उसके शरीर पर पूरे कपड़े कैसे रह गए? इतना ही नहीं, गौरव के हाथ में रहने वाला भारी कड़ा भी उसकी कलाई से नदारद है।
परिवार का गुस्सा इस बात पर भी फूटा कि हादसे वाली रात उसके दोस्त तो सुरक्षित अपने घर लौट आए, लेकिन उन्होंने गौरव के नहर में बहने की कोई जानकारी उसके परिवार को नहीं दी। जब गौरव देर रात तक घर नहीं पहुंचा और उसकी मां ने अपने स्तर पर दोस्तों से पूछताछ शुरू की, तब जाकर नहर में डूबने की बात कबूली गई।
पुलिस का बयान: पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलेगा मौत का राज
शव मिलते ही बूड़िया थाना पुलिस ने उसे अपनी कस्टडी में लेकर शवगृह भिजवा दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि परिजनों द्वारा उठाए गए तमाम सवालों और संदेह के बिंदुओं को जांच में शामिल कर लिया गया है।
बूड़िया थाने के जांच अधिकारी ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम करवाकर विसरा सुरक्षित रखवाया जाएगा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों के आधार पर ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि यह हादसा था या इसके पीछे कोई आपराधिक साजिश थी। पुलिस का दावा है कि मामले में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसी अनुसार आगामी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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