Kurukshetra News: कुरुक्षेत्र में रोड़ समाज की महापंचायत, हर्ष-बीरबल एनकाउंटर पर फूटा गुस्सा, विधायक का फूंका पुतला

कुरुक्षेत्र में रोड़ समाज की महापंचायत, हर्ष-बीरबल एनकाउंटर पर फूटा गुस्सा
Kurukshetra News: हरियाणा के कुरुक्षेत्र में ब्रह्मसरोवर तट स्थित योग भवन में बुधवार को हर्ष और बीरबल एनकाउंटर प्रकरण को लेकर अखिल भारतीय रोड़ समाज की एक विशाल महापंचायत बुलाई गई। इस महापंचायत में प्रदेश भर से पहुंचे हजारों लोगों के चेहरे पर एनकाउंटर को लेकर गहरा आक्रोश नजर आया। बैठक के दौरान माहौल उस समय और तनावपूर्ण हो गया, जब युवाओं ने मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने का ऐलान कर दिया। हालांकि, समाज के वरिष्ठ नेताओं ने बीच-बचाव कर युवाओं को शांत कराया और सरकार को मांगों पर विचार करने का एक और मौका देने का निर्णय लिया। इस दौरान धर्मशाला के बाहर गुस्साए लोगों ने करनाल के स्थानीय विधायक जगमोहन आनंद का पुतला भी फूंका।
निर्दोष को मार गिराने का आरोप, सिटिंग जज या सीबीआई जांच की उठी मांग
अखिल भारतीय रोड़ महासभा के अध्यक्ष बलकार पुंडरी ने महापंचायत को संबोधित करते हुए कहा कि इस तथाकथित एनकाउंटर से पूरे समाज की भावनाएं आहत हुई हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि हर्ष को पहले पुलिस ने अपनी हिरासत में लिया और बाद में सुनियोजित तरीके से उसका एनकाउंटर कर दिया गया। समाज की स्पष्ट मांग है कि पूरे मामले में किसी भी तरह का भ्रम न रहे, इसके लिए किसी सिटिंग जज (हाईकोर्ट या सेशन कोर्ट) अथवा सीबीआई से निष्पक्ष जांच कराई जाए। इसके अलावा, जांच की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए करनाल के पुलिस कप्तान (SP) का तुरंत स्थानांतरण किया जाए और एनकाउंटर में शामिल पुलिस टीम पर मामला दर्ज हो।
जनप्रतिनिधि के मर्यादाहीन बयान से भड़का समाज
महापंचायत में करनाल के विधायक जगमोहन आनंद के उस बयान पर भी तीखा विरोध दर्ज कराया गया, जिसमें उन्होंने एक दिन में ही ‘कोरे कागज पर 100 प्रतिशत रिजल्ट’ देने का दावा किया था। बलकार पुंडरी ने कहा कि किसी जनप्रतिनिधि को इस तरह के संवेदनशील मामले में गैर-जिम्मेदाराना बयानबाजी शोभा नहीं देती। चुनाव और पद आते-जाते रहते हैं, लेकिन नेता को सभी वर्गों के मान-सम्मान का ख्याल रखना चाहिए। रोड़ समाज ने सरकार से विधायक के इस बयान का संज्ञान लेते हुए कार्रवाई की मांग की है।
मुख्यमंत्री से मुलाकात पर टिकी अगली रणनीति
बैठक में पूंडरी के विधायक सतपाल जांबा और हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण के भाई समर कल्याण भी समाज के बीच पहुंचे। नेताओं ने बताया कि बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री से प्रतिनिधिमंडल की मुलाकात प्रस्तावित है। मुख्यमंत्री के समक्ष समाज अपनी तमाम मांगें और एनकाउंटर से जुड़ी आशंकाएं रखेगा। यदि सरकार ने सकारात्मक कदम नहीं उठाए, तो समाज आगे के कड़े आंदोलन की रूपरेखा तैयार करेगा।
क्या है पूरा विवाद?
गौरतलब है कि करनाल में बीरू वाल्मीकि नामक युवक की हत्या के मामले में पुलिस ने हर्ष और बीरबल को मुख्य आरोपी ठहराया था। इसके बाद हुई पुलिस मुठभेड़ में दोनों मारे गए थे। परिजनों और ताऊ बनारसी दास का आरोप है कि हर्ष सुबह अपने काम पर गया था, जिसे पुलिस ने उठाकर फर्जी एनकाउंटर का रूप दे दिया। परिजनों को केवल एक धुंधली फुटेज दिखाई गई, जिसमें चेहरा तक स्पष्ट नहीं था। इस पूरी घटना के बाद से ही रोड़ समाज लगातार सड़कों पर उतरकर न्याय की गुहार लगा रहा है।
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