Faridkot Gurudwara Fire: फरीदकोट के गुरुद्वारा में आग, श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के पावन स्वरूप सुरक्षित
के गुरुद्वारा गुरु तेग बहादुर सिमरन द्वार में रविवार देर शाम अचानक आग
Faridkot Gurudwara Fire: फरीदकोट जिले के गुरुद्वारा गुरु तेग बहादुर सिमरन द्वार में रविवार देर शाम अचानक आग लग गई। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के गांवों के लोग तुरंत गुरुद्वारा साहिब पहुंचे। सबसे पहले संगत ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के पावन स्वरूप और गुटका साहिब को पूरे सम्मान के साथ सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। इसके बाद आग बुझाने का प्रयास शुरू किया गया। आग की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम भी मौके पर पहुंच गई। ग्रामीणों और दमकल कर्मियों के संयुक्त प्रयास से आग पर जल्द काबू पा लिया गया। समय रहते आग पर नियंत्रण होने से बड़ा नुकसान टल गया, हालांकि गुरुद्वारा साहिब के हॉल में रखा काफी सामान आग की चपेट में आ गया।
हॉल में रखा सामान हुआ क्षतिग्रस्त
आग की वजह से गुरुद्वारा साहिब के हॉल में रखे बिस्तर, एयर कंडीशनर (एसी), डाउन सीलिंग और अन्य उपयोगी सामान जलकर क्षतिग्रस्त हो गया। घटना के बाद पूरे परिसर का निरीक्षण किया गया और नुकसान का आकलन शुरू कर दिया गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि आग तेजी से फैली, लेकिन ग्रामीणों की तत्परता और फायर ब्रिगेड के समय पर पहुंचने से स्थिति पर जल्द नियंत्रण पा लिया गया।
सूचना मिलते ही पहुंचे जनप्रतिनिधि और ग्रामीण
गुरुद्वारा साहिब के ग्रंथी द्वारा सूचना दिए जाने के बाद गांव के सरपंच, आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष एवं जिला योजना कमेटी के चेयरमैन गुरतेज सिंह खोसा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे। सभी ने राहत एवं बचाव कार्य में सहयोग किया और नुकसान का जायजा लिया। घटना के बाद क्षेत्र में कुछ समय के लिए चिंता का माहौल रहा, लेकिन पावन स्वरूपों के सुरक्षित रहने की खबर से संगत ने राहत महसूस की।
प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट की आशंका
जिला योजना कमेटी के चेयरमैन गुरतेज सिंह खोसा ने बताया कि शुरुआती जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। उन्होंने कहा कि सबसे राहत की बात यह रही कि श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के पावन स्वरूप और गुटका साहिब को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। उन्होंने बताया कि संबंधित विभाग आग से हुए नुकसान का आकलन कर रहे हैं। जांच पूरी होने के बाद नुकसान की विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जाएगी और आग लगने के सटीक कारण की पुष्टि की जाएगी।
