Ambala News: अंबाला कैंट स्टेशन पर GRP का बड़ा एक्शन, 6 लाख के चूरा पोस्त के साथ राजस्थान का नशा तस्कर गिरफ्तार

अंबाला कैंट स्टेशन पर GRP का बड़ा एक्शन, 6 लाख के चूरा पोस्त के साथ राजस्थान का नशा तस्कर गिरफ्तार
Ambala News: नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन पर राजकीय रेलवे पुलिस (GRP) की सीआईए टीम को बड़ी सफलता हाथ लगी है। जीआरपी सीआईए ने गुप्त सूचना के आधार पर प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर दबिश देकर एक अंतरराज्यीय नशा तस्कर को रंगे हाथों धर दबोचा। तलाशी के दौरान आरोपी के पास से 23 किलो 30 ग्राम चूरा पोस्त (डोडा पोस्त) बरामद किया गया है, जिसकी बाजार में कीमत करीब 6 लाख रुपये आंकी जा रही है।
जीआरपी की इस समय रहते की गई सतर्क कार्रवाई से रेलवे मार्ग के जरिए पंजाब में नशे की एक बड़ी खेप खपाने की साजिश नाकाम हो गई है।
प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर घेराबंदी, पीठ पर लदे बैग से खुला राज
मामले की जानकारी देते हुए जीआरपी सीआईए के प्रभारी इंस्पेक्टर श्याम सिंह ने बताया कि जीआरपी की पुलिस अधीक्षक (SP) गीता गहलोत के सख्त निर्देशों पर रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में संदिग्ध गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। इसी कड़ी में सीआईए टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि राजस्थान से एक युवक भारी मात्रा में नशीला पदार्थ लेकर ट्रेन के जरिए पंजाब जाने की फिराक में अंबाला कैंट स्टेशन पर मौजूद है।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर मुस्तैदी बढ़ाते हुए चेकिंग शुरू की। इस दौरान संदिग्ध अवस्था में घूम रहे एक युवक को रोककर जब उसके सामान की तलाशी ली गई, तो उसके पास से 23 किलो 30 ग्राम चूरा पोस्त बरामद हुआ। पकड़े गए आरोपी की पहचान राहुल मीणा निवासी भीलवाड़ा (राजस्थान) के रूप में हुई है।
राजस्थान से पंजाब तार जोड़ने की कोशिश, रिमांड पर लेगी पुलिस
प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी यह खेप अपने गृह जिले भीलवाड़ा (राजस्थान) से लाया था और इसे पंजाब के सीमावर्ती इलाकों में ऊंचे दामों पर सप्लाई किया जाना था। तस्करों के लिए अंबाला कैंट एक मुख्य जंक्शन होने के कारण वे अक्सर ट्रेनें बदलने या पुलिस को गच्चा देने के लिए इस रास्ते का इस्तेमाल करते हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया जाएगा। रिमांड के दौरान गहनता से यह पता लगाया जाएगा कि राजस्थान में यह नशीला पदार्थ उसे किसने मुहैया कराया था और पंजाब में इसकी डिलीवरी किसे दी जानी थी। जीआरपी को उम्मीद है कि आरोपी से पूछताछ के बाद इस अंतरराज्यीय नशा तस्करी नेटवर्क से जुड़े कई बड़े चेहरों का पर्दाफाश हो सकता है।
