हरियाणा के इन 8 गांवों में खुलेंगे नए सरकारी अस्पताल, सरकार ने जारी किए ₹37.60 करोड़
Apr 03, 2026 11:49 AM
हरियाणा। हरियाणा के ग्रामीण क्षेत्रों में अब इलाज के लिए लंबी दूरी तय करने की मजबूरी खत्म होने वाली है। प्रदेश की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री ने ग्रामीण स्वास्थ्य ढांचे को विस्तार देते हुए 8 नए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) के निर्माण के लिए 37.60 करोड़ रुपये के भारी-भरकम बजट पर अपनी मुहर लगा दी है। सरकार का सीधा लक्ष्य है कि अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति को उसके घर के नजदीक ही गुणवत्तापूर्ण प्राथमिक चिकित्सा मिल सके। मंत्री ने साफ किया कि इन केंद्रों के बनने से न केवल स्थानीय लोगों को समय पर इलाज मिलेगा, बल्कि जिला अस्पतालों पर बढ़ने वाला अतिरिक्त बोझ भी कम होगा।
इन जिलों और गांवों की चमकेगी किस्मत: देखें पूरी लिस्ट
नए स्वास्थ्य केंद्रों का जाल मुख्य रूप से प्रदेश के पांच जिलों में बिछाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग के रोडमैप के अनुसार, फतेहाबाद जिले के बनगांव और समैण, हिसार का लाडवा, रोहतक के गिरावड़ और समर गोपालपुर, सोनीपत के फरमाणा और सरगथल के साथ-साथ सिरसा जिले के मल्लेकन गांव में इन केंद्रों की स्थापना की जाएगी। दिलचस्प बात यह है कि मल्लेकन में स्थित मौजूदा भवन को काफी समय पहले जर्जर और असुरक्षित घोषित कर दिया गया था, जिसे अब गिराकर वहां नई तकनीक और आधुनिक सुविधाओं से लैस भवन तैयार किया जाएगा। बाकी गांवों में पहली बार सरकारी अस्पताल की अपनी बिल्डिंग खड़ी होगी।
बजट का गणित: 15वें वित्त आयोग और राज्य कोष से मिलेगी ताकत
परियोजना की वित्तीय रूपरेखा साझा करते हुए आरती सिंह राव ने बताया कि कुल 37.60 करोड़ रुपये की लागत में से 11.44 करोड़ रुपये 15वें वित्त आयोग के माध्यम से आवंटित किए गए हैं। वहीं, शेष 26.16 करोड़ रुपये से अधिक की राशि राज्य सरकार के अपने बजट हेड से खर्च की जाएगी। बजट की यह व्यवस्था दर्शाती है कि स्वास्थ्य सेवाओं के लिए केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर काम कर रही हैं। धनराशि को चरणबद्ध तरीके से जारी किया जाएगा ताकि निर्माण की गुणवत्ता और गति में कोई बाधा न आए।
2 साल के भीतर बनकर तैयार होंगे आधुनिक अस्पताल
स्वास्थ्य विभाग ने निर्माण की समयसीमा भी निर्धारित कर दी है। अधिकारियों के मुताबिक, भूमि पूजन से लेकर फिनिशिंग तक के काम में 18 से 24 महीने का वक्त लगेगा। इन नए केंद्रों में प्राथमिक उपचार के अलावा टीकाकरण, प्रसूति सुविधाएं और बेसिक लैब टेस्टिंग जैसी सुविधाएं भी ग्रामीणों को मिल सकेंगी। सरकार की योजना इन केंद्रों में अनुभवी डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ की तैनाती करने की भी है, ताकि भवन बनने के साथ ही सेवाएं सुचारू रूप से शुरू की जा सकें।