नई दिल्ली: भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने बुधवार को लोकसभा में बजट पर चर्चा में भाग लेने के तुरंत बाद राहुल गांधी के सदन से चले जाने को लेकर उनपर निशाना साधते हुए कहा कि जिन्हें असत्य बोलने की आदत होती है वे ज्यादा समय तक टिक नहीं पाते हैं। ठाकुर ने वित्त वर्ष 2026-27 के बजट पर चर्चा में भाग लेते हुए कहा कि पहले यह होता था कि हमारे भाषण के बीच में राहुल जी सदन से चले जाते थे, लेकिन अब तो यह स्थिति हो गई है कि वह पहले ही भाग जाते हैं।
आज भारत विश्व की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था
भाजपा सांसद ने कहा कि आज भारत विश्व की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है जो भारत के लिए गर्व की और मुस्कुराने की बात है। उन्होंने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष पर कटाक्ष करते हुए कहा कि मुझे याद नहीं कि राहुल गांधी पिछली बार कब मुस्कुराये थे। वह पिछली बार 31 जुलाई 2025 को चार बजकर 20 मिनट पर मुस्कुराये थे। जब भारत ने किसी देश के आगे झुकने से मना कर दिया था। किसी ने भारत को तल्खी में ‘डेड इकोनॉमी कह दिया था...। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि भारत डेड इकोनॉमी नहीं, बल्कि डोमिनेटिंग इकोनॉमी है।
उन्होंने ‘वोट चोरी’ के आरोपों को लेकर राहुल पर पलटवार करते हुए कहा कि मुझे तो लगता है कि इनकी प्रोग्रामिंग अंकल सैम (अमेरिका सरकार) और अंकल सोरोस (विवादों में रहे जॉर्ज सोरोस अमेरिकी निवेशक) ने की है। इनमें अंकल सैम का सिम कार्ड और अंकल सोरोस का सिम कार्ड है। उधर से टाइप होता है और इधर से टेलीकास्ट होता है। ठाकुर ने भारत में डेटा सेंटर के लिए बजट प्रस्ताव में 20 साल के लिए कर अवकाश दिये जाने का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे भारत में निवेश आएगा, लेकिन राहुल गांधी इसका विरोध कर रहे हैं।
उन्होंने सदन में हाल में हुई कथित घटना की ओर इशारा करते हुए आरोप लगाया कि राहुल जी के कांग्रेस में महिलाओं की भूमिका यह बढ़ी है कि अपने परिवार की सदस्या को तो वहीं खड़े रहने दिया, बाकी महिलाओं को लंबी कतार बना कर वेल में (आसन के समक्ष) भेज दिया। भाजपा सांसद ने कहा कि उन्हें सदन के नियमों से नफरत है, स्पीकर से नफरत है, देश के प्रधानमंत्री से नफरत है और अब तो भारत से ही नफरत हो गई है।
पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की विदाई तय
ठाकुर ने आयुष्मान भारत योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि अरविंद केजरीवाल ने इसका विरोध किया था और जनता ने उनकी विदाई कर दी, अब पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की विदाई तय है। उन्होंने सदन में एक चार्ट दिखाते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस सरकार ने अल्पसंख्यक और मदरसों को 5,713 करोड़ रुपये दिये हैं, जो तुष्टिकरण की राजनीति है।