Rakesh Tikait Mohali Farmers Protest : मोहाली किसान मोर्चे में राकेश टिकैत की एंट्री से बढ़ी हलचल

मोहाली किसान मोर्चे में राकेश टिकैत की एंट्री से बढ़ी हलचल
Rakesh Tikait Mohali Farmers Protest : चंडीगढ़-मोहाली सीमा पर 1 सितंबर से डटे 32 किसान संगठनों के पक्के मोर्चे का रविवार को छठा दिन रहा। किसान आंदोलन को धार देने और लामबंदी बढ़ाने के लिए भारतीय किसान यूनियन (BKU) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत खुद धरना स्थल पर पहुंचे। टिकैत के मोर्चे में शामिल होते ही किसानों का उत्साह कई गुना बढ़ गया है। आज किसान नेताओं की एक उच्चस्तरीय बैठक बुलाई गई है, जिसमें 7 सितंबर के बाद इस अनिश्चितकालीन धरने को आगे बढ़ाने या समाप्त करने पर बड़ा फैसला लिया जाएगा।
‘पहले पंजाब सरकार सुने, फिर केंद्र से हो बात’
मीडिया से मुखातिब होते हुए राकेश टिकैत ने पंजाब सरकार के ढुलमुल रवैये पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि भगवंत मान सरकार को तत्काल पहल करते हुए किसानों के साथ टेबल टॉक शुरू करनी चाहिए। टिकैत ने साफ किया कि किसानों के 13 ज्वलंत मुद्दों पर पहले राज्य सरकार से सहमति बननी चाहिए, जिसके बाद केंद्र से वार्ता का रास्ता साफ होगा। एमएसपी (न्यूनतम समर्थन मूल्य) को किसानों का संवैधानिक हक बताते हुए उन्होंने कहा कि यदि सरकार आज ही किसानों की सभी जायज मांगें मान ले, तो यह पक्का मोर्चा कल ही उठाया जा सकता है।
बॉर्डर पर बढ़ीं ट्रैक्टर-ट्रॉलियां, प्रशासन अलर्ट
आंदोलन के छठे दिन मालवा और माझा क्षेत्र से कई अन्य किसान जत्थेबंदियों ने भी मोर्चे को अपना समर्थन दे दिया है। बॉर्डर पर किसानों का जमावड़ा लगातार बढ़ रहा है। हालत यह है कि किसान अब सड़क के दूसरे हिस्से में भी अपनी ट्रैक्टर-ट्रॉलियां पार्क करने लगे हैं। हालांकि शनिवार को प्रशासनिक अधिकारियों के साथ हुई बैठक में यह तय हुआ था कि आम जनता की सहूलियत के लिए एक तरफ का रास्ता यातायात के लिए खुला रखा जाएगा, लेकिन लगातार बढ़ रही भीड़ के चलते मोहाली और चंडीगढ़ पुलिस की चिंताएं बढ़ गई हैं।
