Railway Mission Amanat: भागदौड़ भरी जिंदगी में सफर करना आम बात है, लेकिन कई बार जल्दबाजी या थकान के चलते हम अपना बैग, लैपटॉप या मोबाइल जैसी जरूरी चीजें ट्रेन में ही छोड़ बैठते हैं। ऐसे में अचानक दिल की धड़कनें बढ़ जाना और घबराहट होना लाजिमी है। स्टेशन से नीचे उतरने के बाद जब अहसास होता है कि सामान बोगी में ही छूट गया है, तो समझ नहीं आता कि क्या किया जाए। लेकिन थोड़ा सा संयम और रेलवे के नियमों की सही जानकारी आपका सामान वापस दिला सकती है।
सबसे पहले करें ये शुरुआती उपाय
जैसे ही आपको यह अहसास हो कि आपका सामान ट्रेन में छूट गया है, बिना एक पल गंवाए एक्शन में आ जाइए। अगर ट्रेन अभी प्लेटफॉर्म पर ही खड़ी है, तो तुरंत स्टेशन मास्टर से संपर्क करें या फिर रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स यानी आरपीएफ (RPF) के पास पहुंचें।
इसके अलावा, सबसे अचूक जरिया है रेलवे का हेल्पलाइन नंबर 139। इस पर तुरंत कॉल करके अधिकारियों को अपनी ट्रेन का नाम, नंबर, कोच और सीट की पूरी जानकारी दें। अगर संभव हो सके, तो अपने कोच के टीटीई या अटेंडेंट से संपर्क करने की कोशिश करें। कई बार वे वक्त रहते सतर्क होकर सामान को सुरक्षित अपने कब्जे में ले लेते हैं।
‘मिशन अमानत’ से कैसे ढूंढें खोया हुआ सामान?
यात्रियों की इस तरह की परेशानियों को दूर करने के लिए भारतीय रेलवे ‘ऑपरेशन अमानत’ (Mission Amanat) चलाता है। इस योजना के तहत आरपीएफ को ट्रेन या प्लेटफॉर्म पर लावारिस मिलने वाले सामान का पूरा रिकॉर्ड रखा जाता है।
रेलवे सुरक्षा बल के जवान ऐसे सामान की तस्वीरें खींचकर अपनी क्षेत्रीय वेबसाइट पर अपलोड कर देते हैं। अगर आपका सामान छूट गया है, तो आप रेलवे की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ‘मिशन अमानत’ वाले सेक्शन को देख सकते हैं। वहां अपनी यात्रा की तारीख और ट्रेन नंबर दर्ज करके आप अपने सामान की पहचान कर सकते हैं। अगर फोटो वहां मिल जाए, तो आप संबंधित स्टेशन के आरपीएफ पोस्ट पर जाकर प्रक्रिया पूरी कर अपना सामान वापस ले सकते हैं।


