Shimla School Bomb Threat: शिमला में 2 स्कूलों को बम धमाके की धमकी, बच्चों को घर भेजा, बम निरोधक दस्ते ने की जांच

शिमला में 2 स्कूलों को बम धमाके की धमकी
Shimla School Bomb Threat: हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले में आज यानी शुक्रवार को दो प्राइवेट स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद हड़कंप मच गया। डीएवी न्यू शिमला और दयानंद आदर्श विद्यालय कालीबाड़ी के प्रबंधन को ईमेल के जरिए धमकी मिली, जिसके बाद दोनों स्कूलों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। धमकी की जानकारी मिलते ही स्कूल प्रबंधन ने एहतियात के तौर पर छुट्टी घोषित कर दी। स्कूल में मौजूद बच्चों को सुरक्षित बाहर निकालकर घर भेजा गया, जबकि पुलिस ने दोनों परिसरों में सुरक्षा व्यवस्था संभाल ली।
पुलिस और बम निरोधक दस्ते ने चलाया सर्च ऑपरेशन
धमकी की सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम और बम निरोधक दस्ता दोनों स्कूलों में पहुंचा। टीमों ने क्लास रूम, ऑफिस और परिसर के अन्य हिस्सों की बारीकी से जांच की। सुरक्षा के लिहाज से स्कूल परिसरों और आसपास के क्षेत्र को भी खंगाला गया। तलाशी के दौरान पुलिस को कोई संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक नहीं मिला।
दोनों स्कूल सुरक्षित, अभिभावकों में भी रही चिंता
एएसपी शिमला सिटी मेहर पंवर ने बताया कि दोनों स्कूलों में तलाशी के दौरान कोई संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक बरामद नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि जांच में दोनों स्कूल सुरक्षित पाए गए हैं। धमकी की खबर फैलने के बाद कई अभिभावक बच्चों को लेने के लिए स्कूल पहुंचे। स्कूल प्रबंधन की ओर से छुट्टी की सूचना मिलने के बाद अभिभावकों में चिंता का माहौल रहा, लेकिन सर्च ऑपरेशन में कुछ संदिग्ध नहीं मिलने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली।
धमकी वाले ईमेल की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अब उन ईमेल की जांच कर रही है, जिनके जरिए दोनों स्कूलों को धमकी भेजी गई। जांच में ईमेल के स्रोत, इस्तेमाल किए गए अकाउंट और संदेश भेजने वाले व्यक्ति की पहचान का पता लगाने की कोशिश की जा रही है। फिलहाल पुलिस की तलाशी में किसी विस्फोटक या संदिग्ध वस्तु के नहीं मिलने से दोनों स्कूलों को लेकर तत्काल खतरे की पुष्टि नहीं हुई है। इसके बावजूद धमकी की गंभीरता को देखते हुए पुलिस मामले की जांच कर रही है।
स्कूलों की सुरक्षा पर बढ़ी सतर्कता
शिमला में स्कूलों को मिली धमकी के बाद स्कूल प्रबंधन और अभिभावकों के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ी है। ऐसे मामलों में पुलिस की प्राथमिकता परिसर की पूरी तरह जांच करने और बच्चों को सुरक्षित स्थान पर भेजने की रहती है। दोनों स्कूलों में सर्च ऑपरेशन पूरा होने के बाद पुलिस अब धमकी के पीछे की वजह और ईमेल भेजने वाले तक पहुंचने पर फोकस कर रही है।
