पंचकूला में ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर सड़कों पर उतरे कांग्रेस कार्यकर्ता, चुनाव आयोग के खिलाफ की नारेबाजी
पंचकूला में सड़कों पर उतरे कांग्रेस कार्यकर्ता
Panchkula Congress Protest: हरियाणा के पंचकूला में मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। चुनाव आयोग के कामकाज और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर पार्टी के प्रदेशव्यापी आंदोलन के तहत कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी की और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग उठाई।
प्रदर्शन की अगुवाई वरिष्ठ कांग्रेस नेता बीरेंद्र सिंह डूमरखां ने की। मौके पर कांग्रेस के जिलाध्यक्ष संजय चौहान और कालका के पूर्व विधायक प्रदीप चौधरी भी मौजूद रहे। कांग्रेस की मेयर प्रत्याशी सुधा भारद्वाज और पूर्व चेयरमैन रविंद्र रावल ने भी कार्यकर्ताओं के साथ प्रदर्शन में हिस्सा लिया। पंचकूला से कांग्रेस विधायक चंद्रमोहन प्रदर्शन में शामिल नहीं हुए।
बीरेंद्र सिंह बोले- 34 लाख लोगों के वोटिंग अधिकार पर चोट
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए बीरेंद्र सिंह डूमरखां ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि हरियाणा के 34 लाख लोगों के मतदान के अधिकार को नुकसान पहुंचाया गया है। उनके मुताबिक, यह मुद्दा केवल कांग्रेस पार्टी तक सीमित नहीं है, बल्कि नागरिकों के लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़ा है। बीरेंद्र सिंह ने कहा कि जब तक पार्टी की मांग पूरी नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने इसे लोगों के अधिकारों की लड़ाई बताते हुए कहा कि कांग्रेस राहुल गांधी के नेतृत्व में इस मुद्दे को उठा रही है। उनके बयान में मतदाता सूची के पुनरीक्षण और चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर पार्टी की आपत्तियां सामने आईं। कांग्रेस नेताओं ने प्रदर्शन के जरिए मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग दोहराई।
कांग्रेस ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR की प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं। पार्टी का आरोप है कि इस प्रक्रिया और चुनाव आयोग के कामकाज को लेकर गंभीर चिंताएं हैं। पंचकूला में हुआ प्रदर्शन इसी मुद्दे पर कांग्रेस के प्रदेशव्यापी आंदोलन का हिस्सा रहा। SIR मतदाता सूची की जांच और संशोधन से जुड़ी प्रक्रिया है। इसको लेकर कांग्रेस ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए हैं। पार्टी की मांग है कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें।
चुनाव आयोग ने आंतरिक मतभेद की खबरें खारिज कीं
चुनाव आयोग ने अपने कामकाज में आंतरिक मतभेद की खबरों को खारिज किया है। आयोग के अनुसार, परिचालन से जुड़े सवाल और प्रशासनिक सुझाव किसी बहुसदस्यीय संवैधानिक संस्था के सामान्य कामकाज का हिस्सा हैं। आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि SIR से जुड़े सभी अंतिम फैसले पूरी तरह सर्वसम्मति से लिए गए हैं। इस तरह SIR को लेकर कांग्रेस की आपत्तियों और चुनाव आयोग के स्पष्टीकरण के बीच राजनीतिक बहस जारी है।
पंचकूला में कांग्रेस का यह प्रदर्शन चुनाव आयोग और SIR प्रक्रिया के खिलाफ पार्टी के प्रदेशव्यापी आंदोलन का हिस्सा है। प्रदर्शन में शामिल नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग उठाई और मतदाताओं के अधिकारों का मुद्दा सामने रखा। बीरेंद्र सिंह डूमरखां समेत पार्टी के अन्य नेताओं ने कहा कि उनकी मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा। वहीं, चुनाव आयोग ने SIR से जुड़े फैसलों को सर्वसम्मति से लिया गया बताया है। दोनों पक्षों के इन बयानों के बीच मतदाता सूची के पुनरीक्षण को लेकर विवाद राजनीतिक चर्चा का विषय बना हुआ है।
