Narnaul : बाल-बाल बचे पूर्व मंत्री कैलाशचंद्र शर्मा और उनके बेटे, चलती कार बनी आग का गोला
हादसे में कार हुई जलकर खाक ।
Narnaul : नारनौल शहर से एक बड़े हादसे की खबर सामने आई है। यहां सेक्टर-1 इलाके में पूर्व मंत्री कैलाशचंद्र शर्मा की चलती हुई स्विफ्ट डिजायर कार में अचानक भीषण आग लग गई।
गनीमत यह रही कि समय रहते पूर्व मंत्री और उनके बेटे ने गाड़ी से कूदकर अपनी जान बचा ली, अन्यथा एक बड़ा हादसा हो सकता था। कार जलकर पूरी तरह से खाक हो गई है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, पूर्व मंत्री कैलाशचंद्र शर्मा (77) अपने बेटे विकास शर्मा के साथ बुधवार शाम करीब 7 बजे शिव कॉलोनी स्थित अपने घर से किसी से मिलने के लिए निकले थे। जब वे नारनौल के सेक्टर-1 क्षेत्र में पहुंचे, तो अचानक गाड़ी के इंजन से धुआं निकलने लगा।
बेटे ने दी जानकारी, बाल-बाल बची जान
पुलिस को दी गई शिकायत में बेटे विकास शर्मा ने बताया कि गाड़ी वही चला रहे थे। जैसे ही सेक्टर-1 में पहुंचे, उन्होंने डैशबोर्ड और इंजन से धुआं उठता देखा। स्थिति भांपते हुए उन्होंने तुरंत सूझबूझ दिखाई और पिता के साथ चलती कार से बाहर कूद गए।

कुछ ही पलों में इंजन से आग की लपटें उठने लगीं और देखते ही देखते पूरी कार आग की चपेट में आ गई। गाड़ी का डैशबोर्ड, सीटें और टायर जलकर पूरी तरह खाक हो गए।
घटना की सूचना तुरंत फायर ब्रिगेड को दी गई। मौके पर पहुंचे दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत और आधे घंटे की कड़ी जद्दोजहद के बाद आग पर काबू पाया।
विकास शर्मा ने बताया कि यह गाड़ी 2020 मॉडल की है, जिसमें कंपनी फिटेड सीएनजी (CNG) लगी हुई थी। अंदेशा जताया जा रहा है कि शॉर्ट सर्किट या वायरिंग में खराबी के कारण यह हादसा हुआ।
राजनीतिक पृष्ठभूमि
कैलाशचंद्र शर्मा हरियाणा की राजनीति का एक जाना-पहचाना नाम हैं। वे वर्ष 1996 के विधानसभा चुनाव में नारनौल सीट से विधायक चुने गए थे। इसके बाद 24 जुलाई 1999 को ओमप्रकाश चौटाला की सरकार में उन्हें मंत्री बनाया गया था।
चौटाला सरकार में उन्हें राजस्व एवं पुनर्वास विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। उनका पूरा परिवार राजनीति से जुड़ा रहा है; उनके भाई राधेश्याम शर्मा भी 2005 में नारनौल से निर्दलीय विधायक रह चुके हैं और वर्तमान में भी सक्रिय राजनीति में हैं ।
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