Search

दिल्ली-फरीदाबाद सफर होगा सुपरफास्ट, बदरपुर बॉर्डर के ऊपर से गुजरेगा नया रास्ता

May 09, 2026 4:40 PM

फरीदाबाद। दिल्ली-एनसीआर की सड़कों पर घंटों रेंगने वाले यात्रियों के लिए केंद्र सरकार एक बड़ा तोहफा लेकर आई है। दिल्ली के आश्रम चौक से लेकर फरीदाबाद के सराय ख्वाजा (सेक्टर-37) तक एक नया और भव्य एलिवेटेड कॉरिडोर बनाने की तैयारी अंतिम चरण में है। फरीदाबाद के सांसद और केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्ण पाल गुर्जर ने साफ किया है कि इस प्रोजेक्ट की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) को हरी झंडी मिल चुकी है। लगभग 800 करोड़ रुपये की लागत से तैयार होने वाला यह कॉरिडोर सीधा बदरपुर बॉर्डर के जाम को बाईपास करेगा, जिससे यात्रियों का कीमती समय और ईंधन दोनों बचेगा।

15 मिनट में दिल्ली फतह, बदरपुर के 'बॉटलनेक' से मिलेगी मुक्ति

वर्तमान में दिल्ली से फरीदाबाद घुसने के लिए बदरपुर एलिवेटेड फ्लाईओवर ही एकमात्र बड़ा सहारा है, लेकिन साढ़े चार किलोमीटर का यह रास्ता अब बढ़ते वाहनों के बोझ तले दब चुका है। खासकर पीक आवर्स में बदरपुर और आली गांव के पास गाड़ियां रेंगने को मजबूर होती हैं। प्रस्तावित सिक्स-लेन कॉरिडोर पूरी तरह सिग्नल-फ्री होगा। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह सघन आबादी वाले और भीड़भाड़ वाले इलाकों के ऊपर से गुजरेगा, जिससे नीचे की सड़कों पर दबाव कम होगा और ऊपर से वाहन 15 मिनट के भीतर दिल्ली से फरीदाबाद की सीमा में प्रवेश कर जाएंगे।

गुरुग्राम और नोएडा जाने वालों को भी बड़ी राहत

इस नए रूट का फायदा सिर्फ दिल्ली-फरीदाबाद के बीच चलने वालों को ही नहीं, बल्कि गुरुग्राम और नोएडा से आने-जाने वाले हजारों वाहन चालकों को भी मिलेगा। केंद्रीय मंत्री कृष्ण पाल गुर्जर के मुताबिक, पर्यावरण एवं वन विभाग से क्लीयरेंस मिलते ही टेंडर और निर्माण की प्रक्रिया को गति दी जाएगी। उन्होंने बताया कि जिस तरह से दिल्ली और आसपास के शहरों का विस्तार हो रहा है, उसे देखते हुए पुराने रास्तों पर निर्भर रहना संभव नहीं था। यह नया विकल्प न केवल सफर को सुपरफास्ट बनाएगा बल्कि फरीदाबाद की कनेक्टिविटी को एक नए स्तर पर ले जाएगा।

जल्द धरातल पर उतरेगा प्रोजेक्ट

अस्पताल, दफ्तर या बिजनेस के सिलसिले में रोजाना बॉर्डर पार करने वालों के लिए यह प्रोजेक्ट किसी लाइफलाइन से कम नहीं है। प्रशासन की कोशिश है कि वन विभाग से मंजूरी की औपचारिकताएं जल्द पूरी कर ली जाएं ताकि निर्माण कार्य में कोई देरी न हो। मंत्री ने भरोसा जताया है कि यह कॉरिडोर आधुनिक इंजीनियरिंग का नमूना होगा और इसके शुरू होने के बाद दिल्ली-फरीदाबाद सीमा पर लगने वाले सालों पुराने जाम के दाग को हमेशा के लिए मिटाया जा सकेगा।

You may also like:

Please Login to comment in the post!