अन्नदाताओं के खातों में बरसी 'सम्मान' की किस्त: हरियाणा के 15 लाख से अधिक किसानों को मिली 328 करोड़ की सौगात
Mar 14, 2026 2:05 PM
हरियाणा। केंद्र सरकार की सबसे महत्वाकांक्षी योजनाओं में से एक, 'प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि' ने आज हरियाणा के ग्रामीण अंचलों में मुस्कान बिखेर दी है। योजना की 22वीं किस्त के रूप में प्रदेश के 15 लाख 86 हजार किसानों के बैंक खातों में 328 करोड़ रुपये की राशि सीधे जमा की गई। पंचकूला के पीडब्ल्यूडी विश्राम गृह में आयोजित 'राज्य स्तरीय पीएम किसान उत्सव दिवस' में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की और तकनीक के माध्यम से इस पूरी प्रक्रिया के साक्षी बने।
भरोसे की नई इबारत: मुख्यमंत्री
कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लाइव संबोधन को सुनने के बाद मुख्यमंत्री नायब सैनी भावुक और उत्साहित नजर आए। मीडिया से मुखातिब होते हुए उन्होंने कहा, "यह महज एक वित्तीय सहायता नहीं, बल्कि देश के अन्नदाता को दिया गया वह भरोसा है जो प्रधानमंत्री मोदी ने उनके कल्याण के लिए लिया था। आज जब किसानों के मोबाइल पर 'मैसेज' की घंटी बजी, तो वह उस संकल्प की पुष्टि थी जो कहती है कि सरकार हर कदम पर किसान के साथ खड़ी है।"
बिचौलियों का अंत, तकनीक का राज
मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि आज भ्रष्टाचार और बिचौलियों का दौर पूरी तरह खत्म हो चुका है। पहले जहां सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्ति तक पहुँचते-पहुँचते दम तोड़ देता था, वहीं आज 'डायरेक्ट बैंक ट्रांसफर' (DBT) की बदौलत पूरी की पूरी राशि बिना किसी कटौती के किसान के हाथ में पहुँच रही है। हरियाणा के जिन 15 लाख से अधिक किसानों को आज यह लाभ मिला है, उनमें से अधिकांश सीमांत और लघु किसान हैं, जिनके लिए खेती के सीजन में यह 2000 रुपये की किस्त खाद-बीज के खर्च में बड़ा सहारा बनती है।
खेती को लाभ का धंधा बनाने की ओर कदम
विशेषज्ञों का मानना है कि पीएम किसान योजना ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था को एक नई मजबूती दी है। समय पर मिलने वाली यह राशि न केवल किसानों की क्रय शक्ति बढ़ाती है, बल्कि उन्हें साहूकारों के कर्ज के जाल से भी बचाने में मददगार साबित होती है। पंचकूला में आयोजित इस समारोह में न केवल मुख्यमंत्री, बल्कि कई प्रशासनिक अधिकारी और प्रगतिशील किसान भी मौजूद रहे, जिन्होंने प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त किया।