Punjab News: जालंधर में ट्रैफिक नाके पर पुलिसकर्मी का कथित रिश्वत लेते वीडियो वायरल, पुलिस बोली-जांच कर करेंगे कार्रवाई
Jun 07, 2026 3:41 PM
जालंधर: पंजाब के जालंधर जिले में नूरमहल बाईपास पर ट्रैफिक चेकिंग के दौरान रिकॉर्ड हुआ एक वीडियो चर्चा का विषय बन गया है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस वीडियो में एक पुलिसकर्मी ट्रक चालक को रोककर उससे बातचीत करता दिखाई दे रहा है। वीडियो के आधार पर आरोप लगाया जा रहा है कि पुलिसकर्मी ने चालक से पैसे लिए और उसके बाद वाहन को आगे जाने की अनुमति दे दी। हालांकि वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है, लेकिन मामला सामने आने के बाद पुलिस विभाग ने जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि सभी तथ्यों की पड़ताल के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जाएगा।
ट्रक में लगे कैमरे में रिकॉर्ड हुई घटना
जानकारी के अनुसार यह वीडियो ट्रक में लगे डैश कैम या निगरानी कैमरे में रिकॉर्ड हुआ। वीडियो में ट्रैफिक नाके पर तैनात पुलिसकर्मी वाहन को रोकता दिखाई देता है और चालक से दस्तावेजों की मांग करता नजर आता है। इसके बाद चालक और पुलिसकर्मी के बीच कुछ लेन-देन होता दिखाई देता है। वीडियो में दावा किया जा रहा है कि पैसे लेने के बाद बैरिकेड हटाकर ट्रक को आगे जाने दिया गया। इसी रिकॉर्डिंग के वायरल होने के बाद मामला लोगों के बीच चर्चा का केंद्र बन गया।
सोशल मीडिया पर तेजी से फैला वीडियो
वीडियो इंटरनेट और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तेजी से साझा किया गया। कई लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। वायरल वीडियो के कारण ट्रैफिक व्यवस्था और पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। हालांकि केवल वीडियो के आधार पर किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी माना जा रहा है। पुलिस विभाग का कहना है कि वीडियो की सत्यता, समय और परिस्थितियों की जांच की जा रही है ताकि पूरे घटनाक्रम की सही तस्वीर सामने आ सके।
मामले को लेकर जब नूरमहल थाना क्षेत्र के अधिकारियों से संपर्क किया गया तो प्रारंभिक स्तर पर बताया गया कि वायरल वीडियो की जानकारी एकत्र की जा रही है। पुलिस अधिकारी संबंधित तथ्यों और उपलब्ध रिकॉर्ड की समीक्षा कर रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि यदि वीडियो में दिखाई दे रही घटना वास्तविक पाई जाती है तो संबंधित कर्मचारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
डीएसपी ने जांच के बाद कार्रवाई का दिया आश्वासन
डीएसपी ओंकार सिंह बराड़ ने मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि ट्रैफिक नाकों पर तैनात कर्मचारियों का मुख्य दायित्व सड़क सुरक्षा नियमों का पालन सुनिश्चित करना है। किसी भी कर्मचारी को नियमों से हटकर कार्य करने की अनुमति नहीं है। उन्होंने कहा कि वायरल वीडियो की जांच करवाई जाएगी और यदि किसी पुलिसकर्मी की भूमिका संदिग्ध या नियमों के विरुद्ध पाई गई तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। पुलिस विभाग पारदर्शिता और जवाबदेही के सिद्धांतों के तहत कार्रवाई करेगा।
फिलहाल पूरे मामले में जांच जारी है और पुलिस वीडियो के सभी पहलुओं की पड़ताल कर रही है। जांच पूरी होने तक किसी भी पुलिसकर्मी को दोषी ठहराना उचित नहीं होगा। जालंधर जिले में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग जांच के नतीजों का इंतजार कर रहे हैं। विभागीय जांच से ही स्पष्ट होगा कि वायरल वीडियो में दिखाई गई परिस्थितियां वास्तव में क्या थीं और क्या किसी प्रकार की अनियमितता हुई थी।