September 13, 2026

Karnal News: करनाल सरकारी अस्पताल में प्रसूता की मौत, परिजनों का आरोप- गलत ग्रुप का खून चढ़ाने से गई जान

0
Karnal News: करनाल सरकारी अस्पताल में प्रसूता की मौत, परिजनों का आरोप- गलत ग्रुप का खून चढ़ाने से गई जान

करनाल सरकारी अस्पताल में प्रसूता की मौत, परिजनों का आरोप- गलत ग्रुप का खून चढ़ाने से गई जान

Karnal News: हरियाणा के करनाल स्थित सरकारी अस्पताल (कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कॉलेज) में स्वास्थ्य व्यवस्था और डॉक्टरों की लापरवाही को लेकर एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है।

यहां नवजात बेटे को जन्म देने के महज कुछ घंटों बाद 30 वर्षीय प्रसूता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना के बाद अस्पताल परिसर में परिजनों ने जमकर हंगामा काटा। मृतका के परिजनों का साफ आरोप है कि अस्पताल स्टाफ ने बिना सही जांच-पड़ताल के महिला को गलत ब्लड ग्रुप का खून चढ़ा दिया, जिसके चंद मिनटों बाद ही उसकी तड़पकर मौत हो गई।

खुशी का पल मातम में बदला: बेटे के जन्म के बाद बिगड़ी थी हालत

जानकारी के मुताबिक, मूल रूप से यूपी के शामली की रहने वाली मनिका (30) की शादी 9 साल पहले कुंजपुरा थाना क्षेत्र के गांव कुंडाकलां निवासी बजिंदर के साथ हुई थी। मनिका की पहले से एक 4 साल की बेटी है। गर्भवती मनिका को डिलीवरी के लिए 12 सितंबर की सुबह करीब 7 बजे कुंजपुरा के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया था, जहां से दोपहर में उसे करनाल के सरकारी अस्पताल रेफर कर दिया गया।

शुक्रवार शाम करीब 5:30 बजे मनिका ने ऑपरेशन से एक स्वस्थ बेटे को जन्म दिया। परिवार में नवजात के आगमन की खुशियां मनाई ही जा रही थीं कि अचानक रात को मनिका की तबीयत बिगड़ने लगी, जिसके बाद उसे आईसीयू (ICU) में शिफ्ट किया गया।

‘खून चढ़ाते ही होने लगी खुजली, ढाई घंटे बाद पहुंचे डॉक्टर’

मृतका के ससुर गोविंद सिंह ने अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने बताया कि रात करीब 3 बजे डॉक्टरों ने मनिका को खून चढ़ाना शुरू किया। खून की बोतल चढ़ने के महज 5 से 7 मिनट के भीतर ही मनिका के शरीर में तेज खुजली होने लगी और वह बेचैनी से तड़पने लगी। परिजनों ने तुरंत ड्यूटी पर तैनात नर्स से डॉक्टर को बुलाने की गुहार लगाई, लेकिन आरोप है कि आपातस्थिति के बावजूद कोई डॉक्टर मौके पर नहीं पहुंचा। परिजनों का दावा है कि डॉक्टर तड़के 5:30 बजे पहुंचे, लेकिन तब तक मनिका दम तोड़ चुकी थी।

परिजनों ने मांगी सख्त कार्रवाई, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

ससुर गोविंद सिंह ने आरोप लगाया कि मनिका का ब्लड ग्रुप मैच किए बिना ही उसे दूसरा खून चढ़ा दिया गया। इसके अलावा इमरजेंसी के समय आईसीयू में जिम्मेदार डॉक्टर का मौजूद न होना बेहद संगीन लापरवाही है। परिजनों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को संभाला और शव को कब्जे में लेकर मॉर्च्युरी हाउस भेजा।

रविवार को डॉक्टरों के बोर्ड द्वारा पोस्टमार्टम किए जाने के बाद शव परिजनों के हवाले कर दिया गया। पुलिस जांच अधिकारी का कहना है कि परिजनों की शिकायत दर्ज कर ली गई है। मौत के असली कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और विसरा जांच के बाद ही हो सकेगा, जिसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

यह भी पढ़ें– NDA 2 Exam 2026: देश सेवा का जज्बा, सेना में अफसर बनने के लिए युवाओं ने दी एनडीए परीक्षा

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed