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भीषण गर्मी में भूलकर भी न पहनें इन 5 रंगों के कपड़े, डॉक्टरों ने दी गंभीर चेतावनी

May 27, 2026 11:59 AM

उत्तर और मध्य भारत में इस समय सूरज आग उगल रहा है, पारा लगातार नए रिकॉर्ड बना रहा है। ऐसी भीषण गर्मी में अक्सर लोग स्टाइलिश दिखने के लिए कपड़ों के रंग और फैब्रिक के चुनाव में बड़ी गलती कर बैठते हैं। जाने-माने डॉक्टरों और हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो गर्मियों में पहना गया गलत रंग आपके शरीर के भीतर थर्मल इनबैलेंस (तापमान का असंतुलन) पैदा कर सकता है। दरअसल, इसके पीछे सीधा सा वैज्ञानिक कारण है—कुछ रंग हीट को सोखते हैं तो कुछ उसे वापस लौटा देते हैं। ऐसे में गर्मियों का वार्डरोब चुनते समय सतर्कता बेहद जरूरी है।


काला और गहरा नीला रंग क्यों बन जाता है आफत?

चिकित्सकों के अनुसार, काला, गहरा नीला (नेवी ब्लू), मैरून, डार्क ब्राउन और चटक संतरी जैसे रंग सूरज की इंफ्रारेड किरणों को सबसे ज्यादा आकर्षित करते हैं। जब आप इन रंगों के कपड़े पहनकर धूप में निकलते हैं, तो ये कपड़े बाहरी गर्मी को सोखकर सीधे आपकी त्वचा तक ट्रांसफर करते हैं। नतीजा यह होता है कि शरीर से अत्यधिक पसीना बहने लगता है, जिससे थकान, चिड़चिड़ापन और शरीर में अचानक पानी की कमी यानी डिहाइड्रेशन का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। खासकर फील्ड में काम करने वाले लोगों के लिए डार्क शेड्स किसी खतरे की घंटी से कम नहीं हैं।

सफेद और पेस्टल शेड्स: गर्मियों का नेचुरल एसी

दूसरी तरफ, हल्के रंग इस मौसम में किसी ढाल की तरह काम करते हैं। सफेद, ऑफ-व्हाइट, हल्का गुलाबी (पेस्टल पिंक), आसमानी नीला, लेमन येलो और मिंट ग्रीन जैसे रंग सूरज की रोशनी को रिफ्लेक्ट कर देते हैं। इससे कपड़ों के भीतर हवा का वेंटिलेशन बेहतर रहता है और त्वचा को सीधे तपन महसूस नहीं होती। यही वजह है कि हमारे देश में पारंपरिक रूप से गर्मियों के दिनों में सफेद या हल्के सूती वस्त्र पहनने का चलन रहा है। यह न सिर्फ आपको कूल लुक देते हैं बल्कि सेहत के लिहाज से भी सर्वोत्तम हैं।

सिर्फ रंग नहीं, फैब्रिक पर भी दें विशेष ध्यान

एक्सपर्ट्स एक और महत्वपूर्ण बात की ओर इशारा करते हैं—कपड़े का केवल रंग ही नहीं, बल्कि उसका धागा (फैब्रिक) कैसा है, यह भी मायने रखता है। अगर आपने हल्के रंग का कपड़ा चुना है लेकिन वह सिंथेटिक, नायलॉन या पॉलिएस्टर है, तो वह पसीना नहीं सोखेगा और आपको घमौरियां या स्किन इंफेक्शन हो सकता है। इसलिए गर्मियों में हमेशा 100% प्योर कॉटन (सूती) या लिनन के ढीले-ढाले कपड़े ही पहनें। ये फैब्रिक त्वचा को खुलकर सांस लेने का मौका देते हैं और पसीने को तुरंत सुखाकर शरीर के तापमान को सामान्य बनाए रखते हैं।

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