Rajasthan Weather Update: भीषण गर्मी से तपा राजस्थान, जयपुर से बीकानेर तक हीटवेव, अगले सप्ताह तक राहत नहीं
May 21, 2026 11:45 AM
जयपुर: राजस्थान इन दिनों भीषण गर्मी और हीटवेव की चपेट में है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अधिकतम तापमान 43 से 46 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है। बीते 24 घंटे के दौरान राज्य का मौसम मुख्यतः शुष्क रहा और कई इलाकों में ऊष्ण लहर यानी हीटवेव दर्ज की गई। श्रीगंगानगर राज्य का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 46.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले कुछ दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की संभावना बेहद कम है और प्रदेश के कई हिस्सों में हीटवेव का असर बना रहेगा।
श्रीगंगानगर और पिलानी में सबसे ज्यादा गर्मी
राजस्थान के उत्तरी और पश्चिमी हिस्सों में गर्मी का असर सबसे ज्यादा देखने को मिल रहा है। श्रीगंगानगर में बुधवार को अधिकतम तापमान 46.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि पिलानी (झुंझुनूं) राज्य का दूसरा सबसे गर्म शहर रहा। यहां तापमान 45.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ। फलोदी और बीकानेर में 44.8 डिग्री, चूरू में 44.5 डिग्री और कोटा व अलवर में 44.2 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।
चित्तौड़गढ़ में भी तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण दिन के समय सड़कों और बाजारों में लोगों की आवाजाही कम दिखाई दी। डॉक्टरों ने लोगों को दोपहर के समय घर से बाहर न निकलने और पर्याप्त मात्रा में पानी पीने की सलाह दी है।
जयपुर, कोटा और बीकानेर संभाग में हीटवेव
जयपुर, जोधपुर, बीकानेर, भरतपुर और कोटा संभाग के अधिकांश शहर बुधवार को हीटवेव की चपेट में रहे। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के आधे से ज्यादा हिस्सों में अगले तीन से चार दिन तक हीटवेव चलने का येलो अलर्ट जारी किया गया है। गर्म हवाओं के साथ रात के तापमान में भी बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है, जिससे लोगों को रात में भी राहत नहीं मिल रही। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि साफ आसमान और पश्चिमी दिशा से आने वाली गर्म हवाओं के कारण तापमान में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। कई शहरों में दोपहर के समय सड़कें सूनी नजर आईं और लोग जरूरी काम होने पर ही बाहर निकले।
एक सप्ताह तक मौसम शुष्क रहने का अनुमान
मौसम विभाग ने अगले एक सप्ताह तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान जताया है। पश्चिमी, उत्तरी और पूर्वी राजस्थान में अधिकतम तापमान 44 से 46 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है। कुछ इलाकों में ऊष्ण रात्रि यानी गर्म रातें भी दर्ज हो सकती हैं। इसी दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से धूलभरी सतही हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। विशेष रूप से बीकानेर, जैसलमेर, श्रीगंगानगर और चूरू जैसे इलाकों में धूलभरी हवाओं का असर ज्यादा रहने का अनुमान है।
राजस्थान के कुछ दक्षिणी और पूर्वी जिलों में तापमान में मामूली गिरावट भी दर्ज की गई। चित्तौड़गढ़, अलवर, टोंक, फतेहपुर, करौली और दौसा में तापमान 1 से 2 डिग्री सेल्सियस तक कम हुआ। वहीं सिरोही और प्रतापगढ़ में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे रिकॉर्ड किया गया। सिरोही में तापमान 39 डिग्री और प्रतापगढ़ में 39.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। हालांकि मौसम विभाग का कहना है कि यह राहत अस्थायी है और आने वाले दिनों में फिर से तापमान बढ़ सकता है।
भीषण गर्मी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने लोगों के लिए एडवाइजरी जारी की है। प्रशासन ने बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। लोगों से कहा गया है कि दोपहर के समय धूप में निकलने से बचें और हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें। विशेषज्ञों का कहना है कि हीट स्ट्रोक के मामलों में बढ़ोतरी हो सकती है। अस्पतालों को अलर्ट मोड पर रखा गया है और गर्मी से संबंधित बीमारियों से निपटने के लिए अतिरिक्त व्यवस्थाएं की जा रही हैं।