माता बाला सुंदरी के भक्तों के लिए खुशखबरी: नवरात्र पर अंबाला से त्रिलोकपुर के लिए चलेंगी स्पेशल बसें
Mar 12, 2026 11:00 AM
अंबाला। चैत्र नवरात्र के पावन अवसर पर हिमाचल प्रदेश के सिरमौर स्थित प्रसिद्ध शक्तिपीठ माता बाला सुंदरी के दर्शनों की अभिलाषा रखने वाले श्रद्धालुओं के लिए राहत भरी खबर है। अंबाला रोडवेज डिपो ने हर साल की तरह इस बार भी भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए त्रिलोकपुर धाम के लिए स्पेशल बसें चलाने का निर्णय लिया है। 19 मार्च से शुरू हो रहे नवरात्र मेले के दौरान अंबाला शहर और नारायणगढ़ सब-डिपो से सीधी बस सेवा उपलब्ध रहेगी, जिससे श्रद्धालुओं को निजी वाहनों या डग्गामार बसों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।
श्रद्धा का सैलाब और रोडवेज की तैयारी
त्रिलोकपुर स्थित माता बाला सुंदरी मंदिर की मान्यता एक प्राचीन और सिद्ध शक्तिपीठ के रूप में है। नवरात्र के 15 दिनों तक चलने वाले इस मेले में न केवल अंबाला, बल्कि पूरे हरियाणा, पंजाब और राजस्थान से लाखों की तादाद में श्रद्धालु शीश नवाने पहुंचते हैं। यात्रियों के इसी भारी दबाव को देखते हुए परिवहन विभाग ने विशेष रूट प्लान तैयार किया है।
अंबाला रोडवेज के इस प्रयास की मुख्य बातें:
संचालन अवधि: नवरात्र के पहले दिन यानी 19 मार्च से लेकर मेले के समापन तक (15 दिनों तक) बसें निरंतर चलेंगी। मुख्य केंद्र: बसें अंबाला शहर बस स्टैंड और नारायणगढ़ बस स्टैंड दोनों ही जगहों से उपलब्ध होंगी। सुविधा: श्रद्धालुओं को सीधी कनेक्टिविटी मिलने से समय और पैसे दोनों की बचत होगी।
क्या रहेगी बसों की टाइमिंग और व्यवस्था?
नारायणगढ़ रोडवेज सब-डिपो के अधिकारियों के मुताबिक, बसों के संचालन को लेकर प्रशासनिक प्रक्रिया अंतिम चरण में है। परमिट मिलते ही बसों को रूट पर उतार दिया जाएगा।
नारायणगढ़ से रवानगी: सुबह 6:00 बजे से पहली बस रवाना होगी। इसके बाद जैसे-जैसे यात्रियों की संख्या बढ़ेगी और बस की सीटें फुल होंगी, बसों को अंतराल पर भेजा जाएगा।
अंबाला शहर से सेवा: अंबाला शहर बस स्टैंड से भी सुबह के समय विशेष बसें रवाना की जाएंगी, जो मुख्य रूप से श्रद्धालुओं की उपलब्धता पर आधारित होंगी।
फ्लेक्सिबल शेड्यूल: विभाग ने साफ किया है कि यदि श्रद्धालुओं की संख्या में अचानक बढ़ोतरी होती है, तो मौके पर अतिरिक्त बसों का इंतजाम भी किया जाएगा।
पर्यटन और धार्मिक आस्था को बढ़ावा
हरियाणा परिवहन विभाग पिछले कुछ समय से धार्मिक और पर्यटन स्थलों के लिए सीधी बस सेवा पर विशेष जोर दे रहा है। विभाग का मानना है कि ऐसे आयोजनों पर स्पेशल बसों के संचालन से न केवल विभाग के राजस्व में बढ़ोतरी होती है, बल्कि आम जनता को सुरक्षित और किफायती सफर की गारंटी भी मिलती है। स्थानीय लोगों ने रोडवेज के इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा है कि स्पेशल बसें चलने से बुजुर्गों और महिलाओं को काफी सहूलियत होगी।