August 2, 2026

Bikaner: बीकानेर के सरकारी स्कूल की छत गिरी, PWD पहले ही भवन को बता चुका था असुरक्षित, गर्मियों की छुट्‌टी में हुआ हादसा

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Bikaner: बीकानेर के सरकारी स्कूल की छत गिरी, PWD पहले ही भवन को बता चुका था असुरक्षित, गर्मियों की छुट्‌टी में हुआ हादसा

बीकानेर के सरकारी स्कूल की छत गिरी

Bikaner: राजस्थान के बीकानेर जिले के श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की एक कक्षा की छत गर्मियों की छुट्टियों के दौरान गिर गई। सोमवार को ग्रीष्मावकाश समाप्त होने के बाद जब स्कूल स्टाफ विद्यालय पहुंचा और कमरों के ताले खोले, तब घटना की जानकारी मिली। हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है क्योंकि उस समय विद्यालय में विद्यार्थी मौजूद नहीं थे। हालांकि घटना ने स्कूल भवन की जर्जर स्थिति को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) पहले ही इस भवन को असुरक्षित घोषित कर चुका था।

कक्षा की छत की 10 पट्टियां टूटकर नीचे गिरीं
विद्यालय के प्रधानाचार्य के अनुसार, सोमवार सुबह स्कूल खुलने पर स्टाफ जब कक्षा संख्या-7 का ताला खोलने पहुंचा तो छत की लगभग 10 पट्टियां टूटकर नीचे गिरी हुई मिलीं। छत का मलबा कक्षा में रखी टेबल और कुर्सियों पर गिरा, जिससे फर्नीचर भी क्षतिग्रस्त हो गया। यदि यह घटना स्कूल संचालन के दौरान होती तो बड़ा हादसा हो सकता था। समय रहते छुट्टियों के दौरान घटना होने से छात्रों और शिक्षकों की जान बच गई।

पूरे स्कूल भवन की हालत जर्जर, खुले में होगी पढ़ाई
प्रधानाचार्य ने घटना की जानकारी ब्लॉक शिक्षा अधिकारी को भेज दी है। उन्होंने बताया कि केवल एक कक्षा ही नहीं, बल्कि विद्यालय का पूरा भवन जर्जर हो चुका है। अधिकांश कमरों की छतों में दरारें हैं और वे विद्यार्थियों को बैठाकर पढ़ाने के लिए सुरक्षित नहीं हैं। बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए फिलहाल स्कूल प्रबंधन ने पेड़ों की छाया में खुले स्थान पर कक्षाएं संचालित करने का निर्णय लिया है।

PWD पहले ही भवन को बता चुका था असुरक्षित
गांव के सरपंच प्रतिनिधि गिरधारी सिंह ने बताया कि 22 जून 2026 को आयोजित ग्राम सेवा शिविर में स्कूल भवन की खराब स्थिति का मुद्दा उठाया गया था। इसके बाद सार्वजनिक निर्माण विभाग की टीम ने विद्यालय का निरीक्षण किया और पूरे भवन को जर्जर तथा असुरक्षित घोषित किया था। इसके बावजूद भवन की मरम्मत या नए निर्माण को लेकर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। अब एक कक्षा की छत गिरने के बाद अन्य कमरों को लेकर भी चिंता बढ़ गई है।

ग्रामीणों ने नए भवन और वैकल्पिक व्यवस्था की मांग उठाई
घटना की जानकारी मिलने के बाद गांव के लोग और जनप्रतिनिधि विद्यालय पहुंचे तथा भवन का निरीक्षण किया। ग्रामीणों ने राज्य सरकार और शिक्षा विभाग से जल्द नए विद्यालय भवन के निर्माण की मांग की है। साथ ही उन्होंने कहा कि जब तक नया भवन तैयार नहीं होता, तब तक विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित रहे, इसके लिए तत्काल वैकल्पिक व्यवस्था की जाए।

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