- by Vinita Kohli
- Nov, 01, 2025 04:35
चंडीगढ़: चंडीगढ़ स्थित पंजाब यूनिवर्सिटी में सीनेट इलेक्शन की तारीख अनाउंस करने की मांग को लेकर स्टूडेंट्स आज प्रदर्शन कर रहे हैं। यहां 91 सीनेट चुने जाने हैं। इस दौरान स्टूडेंट्स और पुलिस आमने-सामने है। स्टूडेंट्स ने पुलिस से धक्कामुक्की के बाद PGI के सामने गेट नंबर 1 को तोड़ दिया है। हालांकि उन्हें रोकने के लिए चंडीगढ़ की SSP कंवरदीप कौर गेट पर चढ़ीं लेकिन स्टूडेंट्स नहीं माने। इसके बाद पुलिस ने बैरिकेडिंग तोड़ने वाले प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया। वहां जमा भीड़ को दूर खदेड़ा गया। इससे पहले स्टूडेंट्स इसी गेट को तोड़कर अंदर घुसे थे। जिस दौरान उनकी पुलिस से धक्कामुक्की हुई थी। गेट नंबर 2 से पुलिस ने कुछ प्रदर्शनकारी हिरासत में लिए हैं। गेट पर स्पेशल फोर्स बुलाई गई है।
प्रर्दशनकारियों में निहंग भी शामिल
हालांकि अब 1 नंबर गेट पूरी तरह खोल दिया गया है। स्टूडेंट्स और प्रदर्शनकारी यहां से यूनिवर्सिटी के भीतर दाखिल हो गए हैं। जिनमें निहंग भी शामिल हैं। चंडीगढ़ में घुसने से रोकने जाने पर निहंग YPS चौक मोहाली की तरफ रवाना हो गए हैं। वहां जाम लगने की संभावना को देखते हुए पुलिस ने उसे चारों तरफ से बंद कर दिया है।
मोहाली-चंडीगढ़ बॉर्डर पर फेज 6 में किसानों ने धरना लगा दिया है। जिसकी वजह से भारी ट्रैफिक जाम हो गया है। किसान PU में आना चाहते थे लेकिन पुलिस ने उन्हें चंडीगढ़ में नहीं घुसने दिया। वहीं मोहाली में पुलिस ने एक जज की गाड़ी को भी चंडीगढ़ में नहीं जाने दिया। गाड़ी से ड्राइवर ने उतरकर चंडीगढ़ पुलिस को बताया कि गाड़ी में जज बैठे हैं लेकिन पुलिस ने नहीं जाने दिया। जिसके बाद ड्राइवर गाड़ी वापस ले गया।
स्टूडेंट्स की समर्थकों से अपील-जहां पुलिस रोके वहीं बैठकर करें प्रदर्शन
पुलिस के इंतजाम देख स्टूडेंट्स ने समर्थकों से अपील की कि पुलिस उन्हें जहां रोकें, वहीं बैठकर प्रदर्शन शुरू कर दें। रविवार रात भी इसको लेकर स्टूडेंट्स ने हंगामा किया। देर रात तक छात्र यूनिवर्सिटी के गेट पर धरने पर बैठे रहे। स्टूडेंट्स के प्रदर्शन को देखते हुए यूनिवर्सिटी में आज (10 नवंबर) और कल, 2 दिन की छुट्टी कर दी गई है। स्टूडेंट्स की कॉल पर उनके समर्थन में किसान और कई राजनीतिक दल भी प्रदर्शन में शामिल हो रहे हैं।
हालांकि चंडीगढ़ पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम करते हुए 2 हजार मुलाजिम तैनात किए हैं। पूरे शहर में 12 जगह नाकाबंदी की गई है। यूनिवर्सिटी में सिर्फ उन्हीं को जाने की इजाजत है, जिनका कोई काम है। उसके लिए भी उनकी ID देखी जा रही है। यह विवाद पंजाब यूनिवर्सिटी में सीनेट और सिंडिकेट भंग करने से शुरू हुआ। इससे स्टूडेंट्स भड़क उठे तो केंद्र सरकार ने यह नोटिफिकेशन वापस ले लिया था।