Haryana News: हरियाणा और ब्रिटेन के रिश्तों को नई उड़ान, गुरुग्राम यूनिवर्सिटी में आज जुटेंगे दोनों देशों के उद्योगपति

हरियाणा और ब्रिटेन के रिश्तों को नई उड़ान, गुरुग्राम यूनिवर्सिटी में आज जुटेंगे दोनों देशों के उद्योगपति
Haryana News: हरियाणा को वैश्विक निवेश और वैश्विक व्यापार के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में आज एक अहम पड़ाव देखने को मिल रहा है। साइबर सिटी गुरुग्राम के सेक्टर-51 स्थित ‘गुरुग्राम यूनिवर्सिटी’ में ‘हरियाणा-यूके ट्रेड ब्रिज: अनलॉकिंग ग्लोबल ऑपर्च्युनिटीज-2026’ सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है। इस उच्चस्तरीय आयोजन का मुख्य उद्देश्य हरियाणा और यूनाइटेड किंगडम (UK) के बीच मौजूदा आर्थिक व औद्योगिक रिश्तों को और अधिक मजबूत बनाना है।
इस अंतर्राष्ट्रीय मंच पर हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल होकर उद्योग जगत को संबोधित करेंगे। वहीं, हरियाणा के विदेश सहयोग मंत्री राव नरबीर सिंह और चंडीगढ़ स्थित ब्रिटिश डिप्टी हाई कमिश्नर अल्बा स्मेरिग्लियो (Alba Smeriglio) विशेष अतिथि के रूप में मंच साझा करेंगे। सम्मेलन में दोनों देशों के शीर्ष नीति-निर्माता और कारोबारी दिग्गज एक साथ बैठकर भविष्य की साझा प्राथमिकताओं पर विचार-विमर्श करेंगे।
ब्रिटेन और हरियाणा के प्रमुख उद्योगपति एक मंच पर: निर्यात और निवेश को मिलेगी नई दिशा
इस व्यापारिक सम्मेलन की सबसे बड़ी खासियत दोनों देशों के प्रमुख उद्योगपतियों और हितधारकों की सीधी मौजूदगी है। आयोजन में हरियाणा की उन तमाम प्रतिष्ठित कंपनियों को आमंत्रित किया गया है जिनका कारोबार ब्रिटेन में फैला हुआ है। इसके साथ ही यूके की वे बहुराष्ट्रीय कंपनियां भी इस चर्चा में हिस्सा ले रही हैं, जिन्होंने हरियाणा में अपना औद्योगिक आधार या व्यावसायिक केंद्र स्थापित किया है।
वैश्विक बाजार में हरियाणा के निर्यात (Exports) को बढ़ावा देने के लिए राज्य के प्रमुख निर्यातकों, विभिन्न सेक्टरल एक्सपोर्ट एसोसिएशनों और औद्योगिक चैंबरों के प्रतिनिधियों को विशेष रूप से जोड़ा गया है। इससे न केवल स्थानीय कारोबारियों को ब्रिटिश कंपनियों के साथ नेटवर्किंग का सीधा अवसर मिलेगा, बल्कि सूचना और प्रौद्योगिकी, ऑटोमोबाइल, फार्मास्युटिकल्स व कृषि-प्रसंस्करण जैसे प्रमुख क्षेत्रों में द्विपक्षीय साझेदारी के नए दरवाजे भी खुलेंगे।
वैश्विक अवसरों का खुलेगा द्वार: भविष्य के ट्रेड रोडमैप पर सीधी बातचीत
आयोजकों के अनुसार ‘हरियाणा-यूके ट्रेड ब्रिज’ महज एक औपचारिक बैठक न होकर, व्यावहारिक व्यापारिक समझौतों और प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) को आकर्षित करने का एक ठोस माध्यम बनेगा। सम्मेलन के दौरान दोनों पक्षों के प्रतिनिधि निवेश की नई संभावनाओं, व्यापारिक बाधाओं को दूर करने और एक-दूसरे के बाजारों में पहुंच आसान बनाने जैसे अहम मुद्दों पर अपनी बात रखेंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस प्रकार के आयोजन से हरियाणा की वैश्विक साख मजबूत होगी और राज्य के युवा उद्यमियों के लिए अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर नए अवसर पैदा होंगे। हरियाणा सरकार का विदेश सहयोग विभाग इस पहल के जरिए प्रदेश के औद्योगिक परिदृश्य को 2026 के वैश्विक मानकों के अनुरूप ढालने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
यह भी पढ़ें– Karnal youth suicide: कैलिफोर्निया में करनाल के युवक ने युवती की गोली मारकर की हत्या, फिर खुद को उड़ाया
