- by Vinita Kohli
- Nov, 19, 2025 04:48
कपूरथला: पंजाब स्टेट माइनॉरिटी कमीशन के चेयरमैन जतिंदर मसीह गौरव ने आज कपूरथला का खास दौरा किया। इस दौरान उन्होंने माइनॉरिटी कम्युनिटी के लोगों की समस्याओं को हल करने के लिए जिला प्रशासन के बड़े अधिकारियों के साथ एक अहम मीटिंग की। चेयरमैन ने साफ किया कि माइनॉरिटी कम्युनिटी के लोगों के अधिकारों की रक्षा करना प्रशासन की पहली जिम्मेदारी है और इस मामले में कोई लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कई शिकायतों का मौके पर ही हल
मीटिंग के दौरान बड़ी संख्या में लोग अपनी एप्लीकेशन लेकर आए थे। चेयरमैन ने कई मामलों का मौके पर ही हल किया, जबकि बाकी शिकायतों का 15 दिन के अंदर रिपोर्ट जमा करके हल पक्का करने का निर्देश दिया। इस मौके पर एसएसपी कपूरथला गौरव तुरा, एडीसी (जनरल), एडीसी (डी), एसडीएम और दूसरे डिपार्टमेंट के हेड मौजूद थे।
"कब्र से बॉडी निकालना इंसानियत के खिलाफ जुर्म है"
मीटिंग के दौरान, चेयरमैन जतिंदर मसीह ने कपूरथला की एक घटना को गंभीरता से लिया, जिसमें एक कब्र से बॉडी निकालने की कोशिश की गई थी। उन्होंने इस काम को धार्मिक नियमों का उल्लंघन और इंसानियत पर हमला बताया। "किसी डेड बॉडी को उसकी आखिरी आरामगाह (कब्र) से निकालना न सिर्फ धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाना है, बल्कि यह ह्यूमन राइट्स का भी उल्लंघन है। इसे ईसाई और मुस्लिम कम्युनिटी में बेअदबी माना जाता है।"—-जतिंदर मसीह गौरव, चेयरमैन।
सख्त सज़ा
ऐसा करने वालों के खिलाफ तुरंत इंडियन पीनल कोड (IPC) के सेक्शन 299 के तहत केस दर्ज किया जाना चाहिए।
संवैधानिक अधिकार
संविधान का आर्टिकल 21 मृतकों को सम्मान के साथ विदाई देने का अधिकार भी देता है। उन्होंने प्रशासन को निर्देश दिया कि अगर कोई निजी दुश्मनी के कारण धार्मिक स्थलों या कब्रिस्तान की पवित्रता को भंग करता है, तो उसके खिलाफ बिना किसी देरी के सख्त कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।