जिस घर में गूंजने वाली थी शहनाई, वहां उठी लाडली की अर्थी; यमुनानगर के रायपुर गांव की दर्दनाक घटना
Jun 12, 2026 5:15 PM
यमुनानगर। यमुनानगर के रायपुर गांव में एक मामूली पारिवारिक विवाद का ऐसा खौफनाक और दर्दनाक अंजाम होगा, इसकी कल्पना शायद किसी ने नहीं की थी। 19 साल की कुमकुम अब इस दुनिया में नहीं है। एक ऐसी उम्र, जहां सुनहरे भविष्य के सपने बुने जाते हैं, वहां एक पल के गुस्से और नासमझी ने एक हंसते-खेलते परिवार को ताउम्र का रोना दे दिया। ६ जून की शाम कुमकुम और उसकी छोटी बहन दिव्या के बीच घर में किसी बात को लेकर छोटी-मोटी नोकझोंक हुई थी। अमूमन हर घर में भाई-बहनों के बीच ऐसी बातें आम हैं। उस वक्त तो सब कुछ सामान्य हो गया, दोनों बहनों ने गिले-शिकवे भुलाकर परिवार के साथ बैठकर रात का खाना भी खाया, लेकिन कुमकुम के जेहन में वो बात इस कदर घर कर गई कि उसने आधी रात को खौफनाक कदम उठा लिया।
सुबह 4 बजे जब कमरे से आई उल्टियों की आवाज
मृतका के पिता देवानंद, जो मेहनत-मजदूरी कर अपने दो बेटों और दो बेटियों का पेट पालते हैं, ने बताया कि रात को खाना खाकर सभी बच्चे अपने कमरे में सोने चले गए थे। किसी के चेहरे पर कोई तनाव नहीं था। लेकिन अगले दिन यानी 7 जून की अलसुबह करीब चार बजे छोटी बेटी दिव्या हांफती हुई उनके कमरे में आई। उसने बताया कि कुमकुम की तबीयत अचानक बेहद बिगड़ गई है और वह लगातार उल्टियां कर रही है। बदहवास परिजन तुरंत उसे लेकर पास के एक निजी अस्पताल भागे, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि युवती के शरीर में खेतों में छिड़काव करने वाला जहरीला कीटनाशक फैल चुका है।
वेंटिलेटर पर छह दिन का संघर्ष और टूट गई सांसों की डोर
जहर का असर कुमकुम के फेफड़ों और अंदरूनी अंगों पर इस कदर हुआ कि डॉक्टरों को तुरंत उसे वेंटिलेटर सपोर्ट पर लेना पड़ा। पिछले छह दिनों से वह अस्पताल के आईसीयू (ICU) वार्ड में जिंदगी और मौत के बीच झूला झूल रही थी। माता-पिता और भाई-बहन बाहर बैठे किसी चमत्कार की दुआ कर रहे थे, लेकिन शुक्रवार की सुबह डॉक्टरों ने उसके निधन की पुष्टि कर दी। इस खबर के मिलते ही अस्पताल परिसर में चीख-पुकार मच गई। पिता देवानंद का रो-रोकर बुरा हाल था, जो अपनी उस लाडली को याद कर रहे थे जिसने अभी कुछ ही दिन पहले आईटीआई (ITI) की पढ़ाई पूरी कर अपनी पहली नौकरी शुरू की थी।
"गलती से पी ली थी दवा" — आखिरी बयान और पुलिस की तफ्तीश
इस पूरे मामले में एक पेच मृतका के आखिरी बयान को लेकर भी है। सदर थाना के जांच अधिकारी रमनदीप सिंह ने बताया कि जब अस्पताल में कुमकुम होश में थी, तब मजिस्ट्रेट और पुलिस की मौजूदगी में उसने बयान दिया था कि उसने "गलती से" कीटनाशक दवा का सेवन कर लिया था। हालांकि, पुलिस इस थ्योरी और घरेलू कहासुनी के एंगल, दोनों को ध्यान में रखकर तफ्तीश आगे बढ़ा रही है। फिलहाल शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। घर में जहां इन दिनों कुमकुम की शादी के लिए लड़कों के बायोडाटा देखे जा रहे थे और साल-दो साल में उसकी डोली उठाने की तैयारी थी, वहां आज उसकी अर्थी उठते देख पूरे गांव की आंखें नम थीं।