Chandigarh News: चंडीगढ़ के हनुमंत धाम में अद्भुत रक्षाबंधन, हनुमान जी को बांधी सवा 12 फीट लंबी इको-फ्रेंडली रुद्राक्ष राखी

चंडीगढ़ के हनुमंत धाम में अद्भुत रक्षाबंधन, हनुमान जी को बांधी सवा 12 फीट लंबी इको-फ्रेंडली रुद्राक्ष राखी
Chandigarh News: रक्षाबंधन का पावन पर्व केवल इंसानी रिश्तों तक सीमित नहीं है, बल्कि भक्त और भगवान के बीच के अटूट विश्वास का भी गवाह बनता है। इसका एक बेहद खूबसूरत और मनमोहक नजारा चंडीगढ़ के सेक्टर-40 स्थित प्रसिद्ध हनुमंत धाम मंदिर में देखने को मिला। यहां रक्षाबंधन के शुभ अवसर पर महिला श्रद्धालुओं ने संकटमोचन भगवान हनुमान के लिए सवा 12 फीट (लगभग 12.25 फीट) लंबी विशाल इको-फ्रेंडली राखी तैयार की, जिसे सुबह 11:15 बजे पूरे विधि-विधान और मंत्रोच्चार के साथ बजरंगबली को अर्पित किया गया।
पर्यावरण संरक्षण और सनातन परंपरा के अनूठे संगम से तैयार की गई यह विशालकाय राखी पूरे मंदिर परिसर में आकर्षण का मुख्य केंद्र बनी रही। इसे देखने और हनुमान जी के दर्शन करने के लिए सुबह से ही मंदिर में भक्तों का तांता लगा रहा।
एक महीने की लगन और रुद्राक्ष का अलौकिक शृंगार
इस खास राखी को साकार करने के पीछे हनुमंत धाम की महिला श्रद्धालुओं की एक महीने की निस्वार्थ भक्ति और कड़ी मेहनत छिपी है। समूह की बहनों ने दिन-रात एक करके इस 12.25 फीट लंबी राखी का निर्माण किया।
राखी को दिव्य स्वरूप देने के लिए इस बार इसमें बड़ी संख्या में पवित्र रुद्राक्ष पिरोए गए। पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वाले प्लास्टिक या केमिकल रंगों से पूरी तरह परहेज करते हुए इसे पूरी तरह से इको-फ्रेंडली बनाया गया है। पारंपरिक धार्मिक वस्त्रों, धागों, जूट और रुद्राक्ष से सजी यह राखी आस्था के साथ-साथ प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का भी सुंदर संदेश दे रही थी।
“देश की तरक्की और सबकी रक्षा करें वीर हनुमान”— नीना तिवारी
महिला समूह की प्रधान नीना तिवारी ने इस अनूठी पहल पर खुशी जाहिर करते हुए कहा, “हमारी संस्था की बहनें पिछले एक महीने से इस विशाल राखी को बनाने में जुटी हुई थीं। इसे बनाने का मुख्य उद्देश्य केवल परंपरा निभाना नहीं, बल्कि बजरंगबली के चरणों में पूरे देश की खुशहाली की अर्जी लगाना है। हमने हनुमान जी से प्रार्थना की है कि वे हमारे भारत देश को उन्नति के शिखर पर ले जाएं और सभी नागरिकों को उत्तम स्वास्थ्य, सुख और सौभाग्य प्रदान करें।”
मंदिर परिसर में बना रहा उत्सव सा माहौल
पूजा-अर्चना के दौरान पूरा मंदिर परिसर ‘जय श्री राम’ और ‘जय बजरंगबली’ के जयकारों से गुंजायमान रहा। दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने भी भगवान हनुमान के दर्शन कर उनकी कलाई पर सजी इस भव्य राखी को निहारा और अपने परिवार व देश की समृद्धि की मनोकामना की। स्थानीय निवासियों का कहना है कि हनुमंत धाम में महिलाओं द्वारा किया गया यह अनूठा प्रयास हर साल रक्षाबंधन के पर्व में एक नया उत्साह भर देता है।
