बरनाला के ढिल्लों नगर के रिहायशी इलाके में देह व्यापार के अड्डे का भंडाफोड़, संचालक महिला समेत 4 गिरफ्तार
Mar 30, 2026 4:59 PM
बरनाला: बरनाला पुलिस ने असामाजिक तत्वों के खिलाफ चलाए गए अभियान के तहत एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए शहर के रिहायशी इलाके में चल रहे देह व्यापार के धंधे का भंडाफोड़ किया है। बरनाला पुलिस ने ढिल्लों नगर की गली नंबर-3 में मारे गए छापे के दौरान दो महिलाओं और दो पुरुषों को आपत्तिजनक स्थिति में काबू किया है। इस कार्रवाई ने जहाँ इलाके में सनसनी फैला दी है, वहीं रिहायशी क्षेत्रों में चल रहे ऐसे गलत कामों को लेकर लोगों में भारी चर्चा है।
पुलिस कार्रवाई के बारे में जानकारी देते हुए पुलिस उपाधीक्षक सतवीर सिंह ने बताया कि एसआई मनप्रीत कौर के नेतृत्व में पुलिस पार्टी बस स्टैंड बरनाला के पास गश्त और संदिग्ध व्यक्तियों की चेकिंग के लिए मौजूद थी। इसी दौरान एक विशेष मुखबिर ने पुलिस को सूचना दी कि ढिल्लों नगर की निवासी जसवीर कौर उर्फ राजविंदर कौर अपने घर में जिस्मफरोशी का अड्डा चला रही है। सूचना के अनुसार उक्त महिला बाहरी जिलों और गांवों से पुरुषों व महिलाओं को बुलाकर अपने रिहायशी मकान में गलत काम करवाती थी।
यह भी सामने आया है कि वह ग्राहकों से मोटी रकम वसूल कर उन्हें सुरक्षित कमरे मुहैया करवाती थी। पुलिस ने मौके पर रणनीति के तहत छापेमारी की और घर के अंदर से चारों आरोपियों को संदिग्ध हालत में दबोच लिया। उन्होंने बताया कि पुलिस द्वारा पकड़े गए व्यक्तियों में जसवीर कौर उर्फ राजविंदर कौर अड्डा संचालिका, निवासी ढिल्लों नगर बरनाला, जगविंदर सिंह उर्फ जग्गा, निवासी गांव छीनीवाल कलां, कुलविंदर सिंह उर्फ सोनी निवासी गांव असपाल कलां, मनप्रीत कौर, निवासी नलीना खुर्द जिला फतेहगढ़ साहिब शामिल हैं।
मामला दर्ज और गहराई से पूछताछ जारी: डीएसपी
डीएसपी बरनाला सतवीर सिंह ने बताया कि थाना सिटी-1 बरनाला की पुलिस ने पकड़े गए व्यक्तियों के खिलाफ अनैतिक तस्करी निवारण अधिनियम -1956 की धाराओं 3, 4 और 5 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शहर के रिहायशी इलाकों में ऐसी असामाजिक गतिविधियों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पकड़े गए व्यक्तियों से गहन पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस नेटवर्क के तार और कहाँ-कहाँ जुड़े हैं।
रिहायशी क्षेत्रों में बढ़ती अनैतिकता: मोहल्ला निवासियों के लिए बनी सिरदर्द
इस छापेमारी ने रिहायशी इलाकों में रहने वाले परिवारों में डर और चिंता का माहौल पैदा कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि ढिल्लों नगर जैसे घनी आबादी वाले इलाके में ऐसी गतिविधियां न केवल गलियों के शांत माहौल को खराब करती हैं, बल्कि बच्चों और युवाओं की मानसिकता पर भी बुरा प्रभाव डालती हैं। निवासियों ने मांग की है कि रिहायशी मकानों का दुरुपयोग करने वाले ऐसे तत्वों पर पुलिस को लगातार नजर रखनी चाहिए।
पुलिस की सख्त चेतावनी: ‘गोरखधंधा’ चलाने वालों की अब खैर नहीं: एसएसपी
जिला पुलिस प्रमुख मोहम्मद सरफराज आलम ने इस कार्रवाई के बाद स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी है कि शहर की सीमा के भीतर किसी भी तरह का अनैतिक या अवैध काम बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ऐसे अड्डे चलाने वालों पर नजर रखने के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया है। एसएसपी आलम ने मकान मालिकों को भी हिदायत दी है कि वे अपने घर किराए पर देते समय किरायेदारों की पूरी जांच करें ताकि कोई अपराधी रिहायशी मकान को अपराध के अड्डे में न बदल सके।