Gurugram Suicide Case: गुरुग्राम में हुकुम अहीरवाल सुसाइड केस में बड़ा मोड़, मौत से पहले भाई को किया था रोते हुए फोन
Jun 16, 2026 11:29 AM
गुरुग्राम। साइबर सिटी गुरुग्राम के सरहोल इलाके में रहने वाले हुकुम अहीरवाल की खुदकुशी के मामले में एक बेहद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। तीन साल पहले जिस वैवाहिक जीवन की शुरुआत हंसते-खेलते हुई थी, उसका अंत इतना खौफनाक होगा, यह किसी ने नहीं सोचा था। हुकुम ने कमरे में फंदा लगाने से ठीक पहले अपने भाई कपिल को फोन किया था। फोन पर वह बुरी तरह रो रहा था और खौफ में था। उसने रुआंसी आवाज में भाई से कहा, "पत्नी ने मुझे थप्पड़ मारे हैं और अपने भाइयों (सालों) को बुलाकर मेरी बेरहमी से पिटाई करवाई है। ये लोग मुझे जिंदा नहीं छोड़ेंगे।" इस आखिरी कॉल के कुछ ही देर बाद हुकुम की लाश फंदे से लटकती मिली।
शादी के बाद से ही सुलग रही थी कलह की आग, पंचायत के बाद आए थे गुरुग्राम
परिजनों से मिली जानकारी के मुताबिक, हुकुम की शादी करीब तीन साल पहले मध्य प्रदेश के दमोह की रहने वाली रज्जी के साथ हुई थी। शादी के शुरुआती दिनों से ही दोनों के बीच पटरी नहीं बैठ रही थी। रज्जी शादी के बाद बमुश्किल 6-7 महीने ही ससुराल में रुकी और फिर अपने मायके चली गई। इस बीच उसने एक बच्चे को जन्म दिया, जो अब दो साल का है। हुकुम लगातार अपनी बिखरती गृहस्थी को सहेजने की कोशिश में जुटा था। करीब एक महीना पहले दोनों पक्षों को बिठाकर एक सामाजिक पंचायत बुलाई गई। पंचायत में रज्जी ने ससुराल जाने से साफ मना कर दिया, लेकिन एक शर्त रखी कि वह हुकुम के साथ गुरुग्राम के सरहोल में रहेगी, जहां उसका भाई भी रहता है। हुकुम पत्नी की जिद के आगे झुक गया, पर उसे क्या मालूम था कि यह फैसला उसकी जिंदगी का आखिरी फैसला बन जाएगा।
दो दिन पहले ही दिलाया था नया मोबाइल, इंस्टाग्राम पर बनाई थी रील
मृतक के भाई कपिल का आरोप है कि रज्जी और उसके भाइयों ने हुकुम को मानसिक और शारीरिक रूप से इस कदर प्रताड़ित किया कि उसके सामने जान देने के अलावा कोई रास्ता नहीं बचा। हैरानी की बात यह है कि हुकुम ने सुसाइड से महज दो दिन पहले ही अपनी पत्नी को एक नया स्मार्टफोन खरीदकर तोहफे में दिया था। उसकी इंस्टाग्राम आईडी भी बनवाई थी, जिस पर रज्जी ने अपनी बहन और बच्चे के साथ पांच वीडियो बनाकर अपलोड भी किए थे। मगर उन वीडियो में कहीं भी हुकुम नजर नहीं आ रहा था। परिजनों का कहना है कि इसी बात से अंदाजा लगाया जा सकता है कि पत्नी के मन में हुकुम के लिए कोई जगह नहीं थी।
पुलिस खंगाल रही मोबाइल की सीडीआर, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची सेक्टर-18 थाना पुलिस ने शव को फंदे से उतारकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। थाना प्रभारी इंस्पेक्टर सज्जन सिंह के मुताबिक, शुरुआती जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह फांसी लगाना ही सामने आई है। शरीर पर बाहरी चोट के कोई निशान नहीं मिले हैं। पुलिस अब इस मामले के तकनीकी पहलुओं की जांच कर रही है। इंस्पेक्टर सज्जन ने बताया कि मृतक के मोबाइल की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) निकाली जा रही है, ताकि मौत से ठीक पहले हुई बातचीत और प्रताड़ना के दावों की हकीकत पता चल सके। परिजनों की शिकायत के आधार पर पुलिस मामले के हर एंगल को खंगाल रही है और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।