HBSE 10th Result: भिवानी की दीपिका ने किया टॉप, हिसार की 5 बेटियां भी टॉप-3 में शामिल, देखें पूरी लिस्ट
May 14, 2026 4:58 PM
हरियाणा। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड (HBSE) ने गुरुवार को 10वीं कक्षा के नतीजों का पिटारा खोल दिया। इस बार के परिणामों ने एक बार फिर साबित किया है कि प्रदेश की बेटियां शिक्षा के मैदान में किसी 'सिंघम' से कम नहीं हैं। भिवानी की होनहार छात्रा दीपिका ने 500 में से 499 अंक हासिल कर न केवल अपना जिला रोशन किया, बल्कि पूरे हरियाणा में टॉप किया है। टॉप-3 की मेरिट लिस्ट में कुल 16 मेधावियों ने जगह बनाई है, जिनमें अकेले हिसार जिले की 5 बेटियों ने अपनी चमक बिखेरी है। दूसरे स्थान पर चरखी दादरी के रौनक, हिसार की खुशी व अंतू और महेंद्रगढ़ के दीपांशु ने 498 अंकों के साथ कब्जा जमाया।
गिरावट के बावजूद बेटियों और गांवों का दबदबा कायम
बोर्ड चेयरमैन डॉ. पवन कुमार द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक, इस साल कुल 2 लाख 76 हजार 640 परीक्षार्थियों में से 89.6% छात्र ही सफल हो पाए हैं। हालांकि, यह बीते तीन वर्षों का सबसे कम पास प्रतिशत है, लेकिन इसमें भी ग्रामीण अंचल और लड़कियों ने शहरी लड़कों को पीछे छोड़ दिया है। ग्रामीण क्षेत्रों का पास प्रतिशत 90.25% रहा, जो शहरी क्षेत्रों (87.94%) से 2.31 फीसदी अधिक है। लड़कियों की सफलता दर 91.64% रही, जो लड़कों के मुकाबले 3.95% बेहतर है। साफ है कि संसाधनों की कमी के बावजूद गांवों की बेटियों ने कड़ी मेहनत से यह मुकाम हासिल किया है।
चरखी दादरी का 'दंगल': जिलों की रैंकिंग में बना नंबर-1
जिलों के प्रदर्शन की बात करें तो चरखी दादरी ने शानदार खेल दिखाते हुए प्रदेश में पहला स्थान झटका है। जींद ने दूसरा और महेंद्रगढ़ ने तीसरा स्थान हासिल किया, लेकिन नूंह (मेवात) जिला एक बार फिर सबसे निचले पायदान पर रहा। बोर्ड के लिए चिंता की बात यह है कि पिछले दो सालों के मुकाबले इस बार रिजल्ट में गिरावट दर्ज की गई है। साल 2024 में जहाँ 95.22% छात्र पास हुए थे, वहीं इस बार यह ग्राफ गिरकर 89.6% पर आ गया है। शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि परीक्षा में सख्ती और पाठ्यक्रम में बदलाव इस गिरावट की वजह हो सकते हैं।
पुनर्मूल्यांकन का मौका और आगे की राह
बोर्ड ने उन छात्रों को राहत दी है जो अपने अंकों से संतुष्ट नहीं हैं। परीक्षार्थी रिजल्ट आने के अगले 20 दिनों के भीतर ऑनलाइन माध्यम से पुनर्मूल्यांकन (Re-evaluation) या पुनः जांच के लिए आवेदन कर सकते हैं। फिलहाल, पूरे प्रदेश में उत्सव का माहौल है। पंचकूला से लेकर भिवानी तक स्कूलों में जश्न मनाया जा रहा है। कहीं टीचर्स अपनी छात्राओं के साथ थिरकती नजर आईं, तो कहीं मिठाई खिलाकर टॉपर बेटियों का हौसला बढ़ाया गया।