हरियाणा ग्रुप-डी भर्ती पर बड़ा अपडेट: विभागों को 4 मई की डेडलाइन, डेटा नहीं दिया तो खत्म होगा मौका
Apr 29, 2026 11:35 AM
हरियाणा। हरियाणा में सरकारी नौकरी का इंतजार कर रहे युवाओं के लिए अच्छी खबर है, लेकिन सुस्त रफ्तार से काम कर रहे सरकारी विभागों के लिए यह किसी चेतावनी से कम नहीं है। प्रदेश सरकार ने राज्य के विभिन्न बोर्डों, निगमों और एजेंसियों में खाली पड़े ग्रुप-डी के पदों को भरने की कवायद तेज कर दी है। मानव संसाधन विभाग (HRD) ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि आगामी 4 मई तक खाली पदों का डेटा नहीं पहुँचा, तो संबंधित विभागों को भर्ती के अवसर से हाथ धोना पड़ेगा।
रिमाइंडर के बाद भी खाली हैं फाइलें
हैरानी की बात यह है कि सरकार इससे पहले 3 अप्रैल को भी सभी प्रशासनिक सचिवों और विभागाध्यक्षों को रिक्त पदों का ब्यौरा भेजने के निर्देश दे चुकी थी। बावजूद इसके, कई महत्वपूर्ण विभागों ने अब तक इस फाइल को आगे नहीं बढ़ाया है। अब सरकार ने सख्त लहजा अपनाते हुए साफ कह दिया है कि 4 मई की दोपहर 3 बजे के बाद किसी भी विभाग का बहाना नहीं सुना जाएगा। ईमेल के जरिए डेटा भेजने का यह अंतिम मौका है, वरना विभाग यह मान लेगा कि संबंधित दफ्तर में कोई पद रिक्त नहीं है।
इन बड़े संस्थानों पर सरकार की टेढ़ी नजर
सरकार ने जिन विभागों को विशेष रूप से रडार पर लिया है, उनमें कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड, हरियाणा लोक सेवा आयोग (HPSC), हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (HSVP), हारट्रॉन और हरियाणा पर्यटन निगम जैसे प्रमुख नाम शामिल हैं। इन विभागों से चौकीदार और स्वीपर के पदों को छोड़कर अन्य सभी श्रेणी के ग्रुप-डी पदों की लिस्ट मांगी गई है। माना जा रहा है कि इस डेटा के एकत्रित होते ही हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (HSSC) नई भर्ती का विज्ञापन जारी कर सकता है।
भविष्य की भर्तियों पर पड़ सकता है बुरा असर
सरकार के इस सख्त रुख का सीधा असर आने वाली भर्तियों पर पड़ेगा। जानकारों की मानें तो जो विभाग इस समय सीमा (Deadline) को चूक जाएंगे, उनके यहाँ अगले लंबे समय तक कोई भी नई नियुक्ति नहीं हो सकेगी। सरकार इस बार भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और समयबद्ध बनाना चाहती है, ताकि पिछले साल हुए ग्रुप-डी सीईटी (CET) के बाद अब रिक्तियों को जल्द से जल्द भरा जा सके।
पारदर्शिता के लिए तैयार किया विशेष फॉर्मेट
मानव संसाधन विभाग ने सभी विभागों को एक 'यूनिफॉर्म फॉर्मेट' भेजा है, ताकि जानकारी संकलित करने में कोई तकनीकी खामी न रहे। भर्ती प्रक्रिया को तेज करने का यह कदम हरियाणा के उन हजारों अभ्यर्थियों के लिए उम्मीद की किरण है, जो लंबे समय से रिजल्ट और नई वेकेंसी का इंतजार कर रहे हैं। अब देखना यह होगा कि 4 मई की समय सीमा तक कौन-कौन से विभाग अपनी रिपोर्ट सौंपते हैं और भर्ती का पहिया कितनी तेजी से घूमता है।