हरियाणा मंडी अपडेट: गेट पास के लिए अब नंबर प्लेट का झंझट खत्म, कागज पर लिखकर मिलेगा टोकन
Apr 01, 2026 4:09 PM
हरियाणा। अक्सर देखा गया है कि पीक सीजन के दौरान मंडियों के गेट पर ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) सिस्टम की वजह से अफरा-तफरी मच जाती थी। कई पुराने ट्रैक्टरों या कच्ची ट्रॉलियों पर नंबर प्लेट न होने या धुंधली होने के कारण कैमरा उसे रीड नहीं कर पाता था, जिससे गेट पास नहीं कटता और पीछे वाहनों की लंबी लाइन लग जाती थी। किसानों की इस जमीनी समस्या को समझते हुए सरकार ने निर्देश दिए हैं कि अब किसान अपनी ट्रॉली पर या एक सफेद कागज पर अपना रजिस्टर्ड नंबर लिखकर गेट ऑपरेटर को दे सकते हैं। ऑपरेटर उस नंबर को पोर्टल में मैन्युअल तरीके से फीड करेगा और तुरंत गेट पास जारी हो जाएगा।
तकनीकी पेचीदगी नहीं बनेगी बाधा: विभाग के सख्त निर्देश
हरियाणा कृषि एवं विपणन बोर्ड ने सभी मंडी सचिवों और गेट ऑपरेटरों को स्पष्ट आदेश जारी किए हैं कि किसी भी किसान की फसल की एंट्री महज इसलिए नहीं रोकी जानी चाहिए कि उसके वाहन की नंबर प्लेट डिजिटल मानकों पर खरी नहीं उतर रही। नए नियमों के मुताबिक, बस एक ही शर्त है—ट्रैक्टर या ट्रॉली का जो नंबर किसान दे रहा है, वह उसके 'मेरी फसल-मेरा ब्यौरा' पोर्टल पर पंजीकृत डेटा से मेल खाना चाहिए। इससे उन किसानों को सबसे ज्यादा फायदा होगा जो किराए के ट्रैक्टर या पुराने वाहनों का इस्तेमाल करते हैं।
किसानों और आढ़तियों के चेहरे खिले: समय की होगी बड़ी बचत
सरकार के इस फैसले का प्रदेश के किसान संगठनों और आढ़ती एसोसिएशन ने पुरजोर स्वागत किया है। किसानों का कहना है कि कटाई के समय एक-एक घंटा कीमती होता है। पहले नंबर प्लेट की फोटो लेने और सर्वर से मिलान होने के इंतजार में कई बार मंडियों के बाहर ही रात गुजारनी पड़ती थी। अब मैन्युअल एंट्री का विकल्प मिलने से गेट पास प्रक्रिया तेज होगी, जिससे मंडी के भीतर और बाहर ट्रैफिक जाम की समस्या भी काफी हद तक सुलझ जाएगी।
पारदर्शिता के साथ सहूलियत का तालमेल
जानकारों का मानना है कि हरियाणा सरकार का यह कदम डिजिटल इंडिया और जमीनी हकीकत के बीच एक बेहतर तालमेल है। जहां एक तरफ पोर्टल के जरिए पूरी खरीद को पारदर्शी बनाया गया है, वहीं दूसरी तरफ किसानों की व्यावहारिक दिक्कतों को दूर करने के लिए नियमों में लचीलापन लाया गया है। 2 अप्रैल से शुरू हो रही नियमित खरीद के दौरान यह नया सिस्टम मंडियों में काफी कारगर साबित होने की उम्मीद है।