हरियाणा की मंडियों में MSP से कम बिक रही सरसों, कुरुक्षेत्र के किसानों ने जताई नाराजगी
Mar 07, 2026 1:03 PM
कुरुक्षेत्र | हरियाणा में रबी सीजन की सरसों की फसल मंडियों में पहुंचने लगी है, लेकिन कई जगह किसानों को उम्मीद के मुताबिक दाम नहीं मिल रहे। कुरुक्षेत्र जिले की थानेसर अनाज मंडी में किसान न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीद न होने से नाराज हैं। किसानों का कहना है कि सरकार ने सरसों का MSP 6,200 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है, लेकिन मंडी में काली सरसों इससे कम भाव पर बिक रही है। इससे किसानों को प्रति क्विंटल सैकड़ों रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा है।
कुरुक्षेत्र के आसपास के गांवों से किसान ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में फसल लेकर मंडी पहुंच रहे हैं। लेकिन सरकारी खरीद केंद्र न होने के कारण उन्हें निजी व्यापारियों को कम कीमत पर सरसों बेचनी पड़ रही है।
MSP से कम दाम मिलने पर किसानों की नाराजगी
थानेसर अनाज मंडी में फसल लेकर पहुंचे एक किसान ने बताया कि काली सरसों का भाव मंडी में 5,500 से 6,000 रुपये प्रति क्विंटल तक मिल रहा है। जबकि सरकार ने इसका न्यूनतम समर्थन मूल्य 6,200 रुपये प्रति क्विंटल तय किया हुआ है।
किसानों का कहना है कि इस स्थिति में उन्हें प्रति क्विंटल 500 से 700 रुपये तक का घाटा झेलना पड़ रहा है। उनका आरोप है कि सरकार 24 फसलों को MSP पर खरीदने का दावा करती है, लेकिन जमीन पर खरीद की व्यवस्था कई जगह दिखाई नहीं देती।
थानेसर मंडी में खरीद केंद्र की मांग
किसानों का कहना है कि थानेसर अनाज मंडी में अभी तक सरसों की सरकारी खरीद के लिए कोई केंद्र शुरू नहीं किया गया है। इसी वजह से उन्हें मजबूरी में व्यापारियों को कम कीमत पर फसल बेचनी पड़ रही है।
किसानों ने मांग की है कि शाहबाद और लाडवा मंडी की तरह थानेसर अनाज मंडी में भी सरसों की सरकारी खरीद शुरू की जाए। इससे किसानों को MSP के अनुसार उचित कीमत मिल सकेगी और उन्हें घाटे से बचाया जा सकेगा।
पीली सरसों का भाव MSP से ऊपर
मंडी में पहुंचे एक किसान ने बताया कि पीली सरसों के भाव काली सरसों के मुकाबले काफी ज्यादा मिल रहे हैं। मंडी में पीली सरसों 7,500 रुपये प्रति क्विंटल तक बिक रही है। मंडी के एक आढ़ती ने बताया कि दोनों किस्मों के भाव में बड़ा अंतर दिखाई दे रहा है। जहां काली सरसों 5,800 से 5,900 रुपये प्रति क्विंटल तक बिक रही है, वहीं पीली सरसों का भाव MSP से ऊपर चल रहा है।