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जींद के थुआ गांव में खूनी खेल, घर के आगे रोड़ी-बजरी डालने के विवाद में अधेड़ की हत्या

Jun 01, 2026 12:02 PM

जींद (दलेर सिंह )। अलेवा खंड के थुआ गांव में रविवार को एक बेहद दर्दनाक और चौंकाने वाली वारदात सामने आई है। ग्रामीण अंचलों में मकान के आगे गली में निर्माण सामग्री (रोड़ी-बजरी) डालने के रोजमर्रा के विवाद ने यहां एक शख्स की जान ले ली। अपने ही घर के सामने रास्ता रोके जाने और उड़ती धूल का विरोध करने पर 55 वर्षीय रामनिवास को पड़ोसियों ने ईंट-डंडों से पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया। इस खूनी झड़प में रामनिवास को बचाने दौड़े उनके परिवार के तीन अन्य सदस्य भी घायल हुए हैं। वारदात के बाद से गांव में तनाव का माहौल है, जिसे देखते हुए अलेवा थाना पुलिस लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है।

धूल उड़ने पर जताई थी आपत्ति, पड़ोसियों ने भांजी लाठियां

मिली जानकारी के मुताबिक, थुआ गांव के रहने वाले रामनिवास का उनके पड़ोसी साधुराम के परिवार के साथ रविवार को विवाद हुआ था। साधुराम के घर पर इन दिनों निर्माण कार्य चल रहा है, जिसकी निर्माण सामग्री उसने रामनिवास के मुख्य दरवाजे के ठीक सामने सड़क पर डंप कर दी थी। इससे न सिर्फ आने-जाने का रास्ता पूरी तरह ठप हो गया, बल्कि वहां से उड़ने वाली धूल सीधे रामनिवास के घर के भीतर जा रही थी। रामनिवास ने जब इस पर आपत्ति जताते हुए सामग्री हटाने को कहा, तो साधुराम का परिवार आगबबूला हो गया और दोनों पक्षों में गाली-गलौज शुरू हो गई। देखते ही देखते आरोपी पक्ष के लोग लाठी-डंडे और ईंटें लेकर रामनिवास पर टूट पड़े।

बेसुध होकर गिरे, अस्पताल में डॉक्टरों ने किया मृत घोषित

इस अचानक हुए हमले से मौके पर चीख-पुकार मच गई। पति को घिरता देख पत्नी कविता, बेटा आशू और चचेरा भाई बलजीत तुरंत बीच-बचाव करने के लिए दौड़े, लेकिन हमलावरों ने उन्हें भी नहीं बख्शा और उन पर भी ताबड़तोड़ वार किए। चश्मदीदों के मुताबिक, झगड़े के दौरान रामनिवास के शरीर के एक संवेदनशील अंग पर ईंट की जोरदार चोट लगी, जिससे वह मौके पर ही बेसुध होकर जमीन पर गिर पड़े। परिजन आनन-फानन में उन्हें संभालते हुए जींद के नागरिक अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने स्वास्थ्य जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। वहीं, बाकी तीन घायलों का उपचार जारी है।

पांच के खिलाफ केस दर्ज, धरपकड़ के लिए पुलिस की टीमें मुस्तैद

घटना के बाद अलेवा थाना पुलिस की टीम ने नागरिक अस्पताल पहुंचकर शव को अपने कब्जे में लिया। सोमवार को डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमार्टम कराने के बाद शव वारिसों के हवाले कर दिया गया है। अलेवा थाना प्रभारी आत्मा राम ने बताया कि मृतक के भाई बलजीत के बयान के आधार पर साधुराम और उसके परिवार के कुल पांच सदस्यों के खिलाफ हत्या (मर्डर) की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली गई है। थाना प्रभारी का कहना है कि आरोपियों के संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है और जल्द ही सभी नामजद पुलिस की गिरफ्त में होंगे।

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