कैथल में दुकान कब्जाने के लिए दी 'सुपारी', हमला करने वाले 7 बदमाश पुलिस की गिरफ्त में
Jun 06, 2026 3:18 PM
राजौंद। कैथल जिले के राजौंद कस्बे में फिल्मी अंदाज में एक दुकान पर कब्जा करने और पीड़ित परिवार को सरेआम पीटने के मामले में पुलिस ने कड़ा एक्शन लिया है। कानून को हाथ में लेकर इलाके में दहशत फैलाने वाले सात आरोपियों को पुलिस ने 24 घंटे के भीतर सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। पकड़े गए आरोपियों में मुख्य साजिशकर्ता राजौंद निवासी महिपाल के अलावा विनोद, विशाल, मुना, आर्यन, कुलदीप और सुमित शामिल हैं। पुलिस ने इन सभी का शहर के बीचों-बीच जुलूस भी निकाला ताकि आम जनता के भीतर से बदमाशों का डर खत्म हो सके।
दो दिनों तक लगातार तांडव, परिवार को दी जान से मारने की धमकी
राजौंद थाना प्रभारी (SHO) इंस्पेक्टर रामनिवास ने मामले का ब्योरा देते हुए बताया कि पीड़ित संदीप कुमार ने पुलिस को शिकायत दर्ज कराई थी। संदीप के मुताबिक, बीती 31 मई की रात करीब 8:30 बजे लाठी-डंडों और हथियारों से लैस कुछ उपद्रवी उसकी दुकान पर पहुंचे। आरोपियों ने आते ही दुकान के ताले तोड़े, सामान में तोड़फोड़ की और बीच-बचाव करने आए संदीप व उसके परिजनों को बेरहमी से पीटा।
हद तो तब हो गई जब इस गुंडागर्दी के अगले ही दिन यानी 1 जून को आरोपी अपने कुछ और साथियों को साथ लेकर दोबारा संदीप की दुकान पर धमक गए। इस बार बदमाशों ने पूरे परिवार को सरेआम जान से मारने की धमकी दी, जिससे आसपास के दुकानदारों में भी दहशत फैल गई।
4 दोस्तों को बुलाई, महिपाल ने दी थी वारदात की 'सुपारी'
मामले की गंभीरता को देखते हुए कैथल के एसपी मनप्रीत सिंह सूदन ने तुरंत आरोपियों की धरपकड़ के आदेश जारी किए। पुलिस ने जब जाल बिछाकर मुख्य आरोपी महिपाल को हिरासत में लेकर पूछताछ की, तो इस पूरे सुनियोजित हमले की परतें खुलती चली गईं। दरअसल, महिपाल का संदीप के साथ इस दुकान को लेकर पुराना कोर्ट-कचहरी और मालिकाना हक का विवाद चल रहा था।
महिपाल ने यह दुकान जबरन खाली कराने के लिए अपने जानकार विनोद को मोहरा बनाया। विनोद ने आगे पूंडरी के कुलदीप से संपर्क साधा और कुलदीप अपने साथ कैथल व हजवाना के चार अन्य शातिर लड़कों को लेकर राजौंद पहुंच गया। इस पूरी वारदात को अंजाम देने और कब्जा दिलाने के एवज में महिपाल ने सभी आरोपियों को एडवांस में पैसे बांटे थे।